आतंकियों को भारतीय सेना ने पीओके में वहीं से घुसकर मारा है, जहां से पाक की बैट टीम ने भारतीय सेना को जख्म दिए थे। पुंछ के भिंबर इलाके की कृष्णा घाटी में 2012 में पाक की बैट टीम ने हमला किया था। इसी क्षेत्र से घुसपैठ कर बैट टीम भारतीय नियंत्रण रेखा में घुस आई। बैट टीम के सदस्य हमला कर भारतीय सेना के दो जवानों के सिर काट कर अपने साथ ले गए।
सूत्रों का कहना है कि पुंछ के भिंबर और राजोरी जिले के नौशेरा कलाल से भारतीय सेना पीओके में घुसी। यहां पर आतंकियों के कैंपों पर हमला किया गया। इन्हीं कैंपों से घुसे आतंकी दो बार भारतीय सेना को गहरे जख्म दे चुके हैं।
2012 में कृष्णा घाटी में दो जवानों के सिर काटकर ले गए। इसके अगले साल ही इसी इलाके से घुसपैठ की। आतंकियों ने फिर से भारतीय सीमा में घुसपैठ की और सो रहे पांच भारतीय जवानों की हत्या कर दी। अब भारतीय सेना ने भी उसी इलाके में घुसकर मारा है।
पीओके में हैं 50 से 70 आतंकी कैंप
आतंकी कैंप
- फोटो : Demo Pic.
इन आतंकी कैंपों में ही आतंकी ट्रेनिंग लेकर भारतीय सीमा में घुसते हैं। यहां से आतंकी पुंछ से सटे शोपियां जिले तक पहुंचते हैं। इसके बाद घाटी में फैल जाते हैं।
जम्मू-कश्मीर की 740 किलोमीटर लंबी एलओसी पर पीओके में आतंकियों के 50 से 70 आतंकी कैंप है। इनमें 42 कैंप एक्टिव हैं। 500 से 600 आतंकी इन कैंपों में ट्रेनिंग कर रहे हैं।
इनमें आतंकियों की ट्रेनिंग को पाक रेंजरों का सहयोग मिलता है। यहीं पर लश्कर सरगना हाफिज सईद अकसर आतंकियों के पास आकर उनको प्रोत्साहित करता है।
कार्रवाई पर परमवीर चक्र विजेता ने सेना को दी बधाई
भारतीय सेना
- फोटो : File Photo
इस पूरी कार्रवाई पर परमवीर चक्र विजेता बाना सिंह का कहना है कि पीओके में हुई सर्जिकल स्ट्राइक से उड़ी हमले का थोड़ा सा बदला पूरा हुआ है । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पाकिस्तान को एक सधा हुआ संदेश पहुंचा दिया है। भारतीय सेना ने पाकिस्तान को यह संदेश दे दिया है कि हमने चूड़ियां नहीं पहन रखी हैं ।
उन्होंने कहा कि सेना का यह कदम अभी पाकिस्तानी आतंक को खत्म करने की शुरूआत है। मोदी ने किसी भावावेश में न आकर बल्कि सेना को पूरी प्लानिंग के साथ काम करने के निर्देश दिए। खुद जिस तरह पूरे आपरेशन को मॉनीटर किया और सेना का मनोबल ऊंचा किया वह बहुत अच्छी बात है।