भारत और चीनी सेना ने लद्दाख के चुशूल-मोलडो क्षेत्र में संयुक्त सामरिक अभ्यास किया। इस दौरान उनका केंद्र बिंदू आपदा राहत और मानवता अभियान मुद्दों पर रहा।
सैन्य प्रवक्ता कर्नल एसडी गोस्वामी के अनुसार एकदिवसीय अभ्यास दोनों देशों की सेनाओं के बीच वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर चल रहे शांति के प्रयासों और आपसी तालमेल का नतीजा है।
उन्होंने कहा कि पूर्व में दोनों देशों की सेनाओं के बीच हुए आपसी समझौते के तहत आपदा के समय संयुक्त रूप से मानवीय मदद और आपदा राहत चलाने के अभ्यास किया गया।