पाकिस्तान ने बुधवार को बारामुला और पुंछ से लगती नियंत्रण रेखा और कटुआ में आईबी पर भारी गोलाबारी की। सैन्य चौकियों के साथ ही रिहायशी इलाकों को भी निशाना बनाया गया। भारी गोलाबारी के चलते उड़ी में 15 से अधिक परिवारों को सुरक्षित स्थान पर भेजा गया है। पुंछ में दो लोग घायल हो गए हैं। गोलाबारी में कई मकानों को नुकसान पहुंचा है। सुबह ही गोलाबारी शुरू होने के कारण कामकाज के लिए घरों से निकले कई लोग बीच में फंस गए हैं। सेना ने पाकिस्तानी हिमाकत का करारा जवाब दिया है।
बारामुला जिले के उड़ी सेक्टर में पाकिस्तान ने एलओसी से सटे चुरुंडा और सिलिकूट इलाके में सुबह आठ बजे अग्रिम चौकियों के साथ ही रिहायशी इलाकों को निशाना बनाया। पाकिस्तान ने छोटे हथियारों के साथ साथ आर्टिलरी का भी इस्तेमाल किया। दो घंटे तक भारी गोलाबारी की गई। प्रशासन ने बताया कि दोनों गांवों के 44 लोगों को गवर्नमेंट गर्ल्स मिडिल स्कूल में शिफ्ट किया गया है।
पुंछ जिले में नियंत्रण रेखा पर दो दिन की खामोशी के बाद पाकिस्तानी सेना ने बुधवार को एक बार फिर कस्बा, कीरनी और शाहपुर सेक्टर में सेना की चौकियों के साथ ही रिहायशी इलाकों को निशाना बना कर गोलाबारी की। बुधवार शाम पांच बजे पाकिस्तानी सेना ने मोर्टार से गोलाबारी शुरू कर दी।
गोलाबारी का रेंज बढ़ाते हुए दस किलोमीटर दूर नूनाबांडी में भी मोर्टार दागे। गोलाबारी देर रात तक जारी रही। पाकिस्तानी गोलाबारी में दो लोग घायल हो गए हैं। इनमें कीरनी निवासी मोहम्मद सलीम (50) और एक किशोरी शामिल है। सलीम को प्राथमिक उपचार देकर जीएमसी जम्मू रेफर कर दिया गया है, जबकि किशोरी की अभी पहचान नहीं हो पाई है।
अंतराष्ट्रीय सीमा पर कठुआ जिले के हीरानगर सेक्टर में दो दिन बाद बांध निर्माण कार्य शुरू होते ही पाकिस्तान ने रातभर गोले बरसाए। इस दौरान रठुआ गांव में छह घरों को नुकसान पहुंचा है। मंगलवार रात नौ से बुधवार सुबह पौने पांच बजे तक रिहायशी इलाकों को निशाना बनाया गया। पाकिस्तान ने भीखाचक, ठाकुरपुरा, किंगड़ां दे कोठे और अभियाल डोगरा पोस्ट से भारत की पानसर और सतपाल पोस्टों को निशाना बनाया। इस दौरान मोर्टार के गोले और गोलियां लोगों के घरों और आंगन में गिरे। बीएसएफ की ओर से भी गोलाबारी का मुंहतोड़ जवाब दिया गया। जानकारी मिलने के बाद सुबह एसडीएम हीरानगर सुरेश शर्मा ने गोलाबारी प्रभावित इलाकों का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया। संबंधित विभाग को बंकरों का काम तेजी से पूरा करने के भी निर्देश जारी किए।
लोगों ने घरों और बंकरों में ली शरण
गोलाबारी से पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल बन गया। पुंछ में लोग डरकर घरों और बंकरों के अंदर शरण लिए हुए हैं। काम के सिलसिले में सुबह घर से निकले शाहपुर के कई ग्रामीण बीच रास्ते में फंस गए।