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बारामुला पहुंचे आजाद: दस दिनों में करेंगे नई पार्टी की घोषणा, अनुच्छेद 370 पर जानें क्या बोले

Sun, 11 Sep 2022 02:44 PM IST
kumar गुलशन कुमार अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू

सार

आजाद ने कहा कि उन पर आरोप लग रहे हैं कि वह 370 पर क्यों नहीं बोल रहे हैं। उन्होंने कहा, 'मैं यहां वोट के लिए लोगों को बेवकूफ बनाने नहीं आया हूं। इस दुविधा में हमने एक लाख युवाओं को खो दिया है।
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Ghulam Nabi Azad - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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दिग्गज नेता गुलाम नबी आजाद कांग्रेस से इस्तीफा देने के बाद जम्मू-कश्मीर में नई पार्टी के गठन की तैयारी में हैं। इसी सिलसिले में जम्मू दौरे के बाद वह कश्मीर पहुंचे हैं। रविवार को गुलाम नबी आजाद बारामुला पहुंचे। इस दौरान जनसभा को संबोधित करते हुए आजाद ने कहा कि वे दस दिनों में अपनी नई पार्टी के नाम की घोषणा करेंगे।

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गुलाम नबी आजाद ने कहा, 'कुछ आरोप लगाते हैं कि आजाद ने 370 के खिलाफ बात की है लेकिन मैं आश्वासन दे रहा हूं कि कांग्रेस ने यह बिल लाया था और मुझे इसका विरोध करना पड़ा।
 मैं तब विपक्ष का नेता था जिसने 4 घंटे जमीन पर धरना-प्रदर्शन किया। 370 पर मेरे भाषण को कम से कम 200 देशों ने देखा है, अगर नहीं देखा तो उन्हें आंखों के डॉक्टर के पास जाना चाहिए।'
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आजाद ने कहा कि उन पर आरोप लग रहे हैं कि वह 370 पर क्यों नहीं बोल रहे हैं। उन्होंने कहा, 'मैं यहां वोट के लिए लोगों को बेवकूफ बनाने नहीं आया हूं। इस दुविधा में हमने एक लाख युवाओं को खो दिया है। पिछले 10 सालों से कांग्रेस को 50 से ज्यादा सीटें नहीं मिलीं।' प्रदेश में जहां भी मेडिकल कॉलेज होगा, वहां मेरा नाम का पत्थर होगा, हालांकि बहुतों ने इसे बदल दिया है। कई लोग आरोप लगाते हैं कि मैं भाजपा का आदमी हूं, लेकिन मैं केवल गुलाम नबी, नबी का गुलाम हूं। 

'तुम मेरा साथ दो मैं तुम्हें खून दूंगा'

उन्होंने कहा कि जब तक वह जिंदा हैं उनके विचार जिंदा रहेगे। आजाद ने कहा, 'मेरी सोच को मारने के लिए मुझे मारना होगा। मैं कभी भी हिंसा और धर्म के नाम पर वोट नहीं मांगूगा।

उन्होंने जनसभा को संबोधित करते हुए स्वतंत्रता सेनानी सुभाष चंद्र बोस को याद किया। गुलाम नबी आजाद ने कहा कि सुभाष चंद्र बोस ने कहा था- तुम मुझे खून दो मैं तुम्हें आजादी दूंगा। मैं कहता हूं- 'तुम मेरा साथ दो मैं तुम्हें खून दूंगा।' प्रदेश में रोजगार और जमीन को बचाने के लिए संसद की जरूरत नहीं है। यह जनता के माध्यम से चुनी हुई सरकार द्वारा किया जा सकता है।

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