राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (एनएमसी) की मंजूरी के बाद जीएमसी डोडा में एमबीबीएस कोर्स की 100 सीटों के साथ शुरू करने का रास्ता साफ हो गया है। नया बैच इसी सत्र से दाखिला लेगा। इसके साथ जम्मू कश्मीर में एमबीबीएस सीटों की संख्या बढ़कर 1100 हो गई है। गत अगस्त में जम्मू विश्वविद्यालय ने जीएमसी डोडा को 100 एमबीबीएस सीटों के लिए मान्यता प्रदान की थी। जम्मू - कश्मीर में एमबीबीएस भर्ती नीति के तहत 50 फीसदी सीटें महिला उम्मीदवारों को मिलेंगी।
अनंतनाग और बारामूला जीएमसी के लिए पहले ही दूसरे बैच के लिए 100-100 सीटों की अनुमति दी गई है। इसके अलावा राजोरी और कठुआ मेडिकल कालेजों के लिए क्रमश 115 और 100 सीटों की अनुमति दी गई है। वर्ष 2018-19 में जम्मू कश्मीर में एमबीबीएस सीटों की संख्या 500 थी, जो नए मेडिकल कालेजों के निर्माण के बाद 2019-20 में 985 हो गई और अब यह संख्या 1100 पहुंच गई है।
जीएमसी डोडा की 100 सीटों के लिए एनएमसी नई दिल्ली से स्वास्थ्य व चिकित्सा शिक्षा विभाग जम्मू-कश्मीर को पत्र (लेटर आफ परमीशन) प्राप्त हुआ है। जीएमसी को डोडा में नए बैच को शुरू करने के लिए लेक्चरर थियेटर, लैब, डिसेक्शन हाल, लाइब्रेरी, म्यूजियम, फैकल्टी रूम, प्रशासनिक ब्लाक आदि को उपकरणों के साथ स्थापित किया गया है।
पैरा मेडिकल कोर्सों के लिए भी 60 सीटें
जीएमसी डोडा में जम्मू विश्वविद्यालय की ओर से पैरा मेडिकल कोर्सों के लिए 60 सीटों की भी मान्यता दी गई है। इसमें मेडिकल लैब टेक्नोलाजी, डायलिसिस टेक्नोलाजी और आपरेशन थियेटर टेक्नोलाजी की 20 सीटें शामिल हैं।