भाजपा-पीडीपी गठबंधन सरकार पहले चरण में रियासत के छह जिलों में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (नेशनल फूड सेफ्टी एक्ट) को लागू करेगी। जम्मू संभाग में कठुआ, उधमपुर और सांबा जिले से अधिनियम की शुरूआत होगी जबकि कश्मीर संभाग में शोपियां, गांदरबल और पुलवामा जिले को चुना गया है।
नतीजे बेहतर रहे तो फिर चरणबद्ध तरीके से पूरे राज्य में इसे लागू कर दिया जाएगा। छह जिलों में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम को लागू की तैयारी को जल्द पूरा करने के दिशा निर्देश भी जारी कर दिए गए हैं।
आधिकारिक सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार उपभोक्ता एवं जन वितरण मंत्री चौधरी जुल्फिकार अली व विभाग के अधिकारियों की उच्च स्तरीय टीम ने हाल ही में देश में खाद्य सुरक्षा अधिनियम को लागू करने वाले महाराष्ट्र, नई दिल्ली सहित अन्य प्रदेशों का दौरा कर वहां अधिनियम को लागू करने व इससे हो रहे लाभ की जानकारी हासिल की।
संसद द्वारा पारित राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम देश के विभिन्न प्रदेशों में 10 सितंबर 2013 को अधिसूचना जारी होने के बाद लागू कर दिया गया था। रियासत में तत्कालीन नेकां-कांग्रेस गठबंधन सरकार ने इसे लागू नहीं किया था। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम को रियासत में लागू करने की तैयारी चल रही है।
उपभोक्ता एवं जन वितरण मंत्री चौधरी जुल्फिकार अली ने कहा कि सरकार ने शुरूआती दौर में रियासत के छह जिलों को अधिनियम लागू करने के लिए चुना है। इनमें जम्मू संभाग के तीन जिले और तीन जिले कश्मीर संभाग के हैं। अगर इन जिलों में बेहतर नतीजे मिले तो फिर पूरी रियासत में अधिनियम को चरण बद्ध तरीके से लागू किया जाएगा।