क्लोन से तैयार पश्मीना बकरी के साथ तत्कालीन मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला
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क्लोन से तैयार की गई दुनिया की पहली पश्मीना बकरी नूरी आठ साल की हो गई है। उसके चार बच्चे हैं। पांचों का कुनबा पूरी तरह से स्वस्थ है। वर्ष 2012 में शेरे कश्मीर यूनिवर्सिटी आफ एग्रीकल्चरल साइंसेज एंड टेक्नोलॉजी कश्मीर के पशु विज्ञान विभाग की टीम ने पश्मीना बकरी का क्लोन तैयार किया था। इसे नूरी नाम दिया गया।
इससे पहले देश में पशु श्रेणी में भैंस के तौर पर पहला क्लोन तैयार किया गया था। आठ साल पूर्व विशेषज्ञों की टीम ने विश्व बैंक वित्त पोषित नेशनल एग्रीकल्चरल इनोवेशन प्रोजेक्ट के तहत नूरी के रूप में दुनिया को पश्मीना बकरी का पहला क्लोन दिया।
तत्कालीन मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने नूरी से जुड़ी यादों को ट्विटर पर साझा किया। उमर ने शुक्रवार को ट्वीट किया - ‘मुझे याद है वो दिन जब नूरी को आउटिंग के लिए पहली बार सचिवालय लाया गया था।
यकीन नहीं हो रहा कि उस दिन को आठ साल हो गए हैं। मैं खुश हूं कि नूरी बिल्कुल ठीक है।’ गौरतलब है कि पश्मीना बकरी की प्रजाति लद्दाख के चंगथंग क्षेत्र में पाई जाती है।