लद्दाख में हाइड्रोजन से परिवहन सेवा शुरू करने की तैयारी चल रही है। एनटीपीसी के साथ हुए करार के मूर्त रूप लेने पर लद्दाख हाईड्रोजन आधारित हरित परिवहन सेवा शुरू करने वाला देश का पहला प्रदेश और लेह पहला शहर बन जाएगा। पहले चरण में लेह जिले में पांच बसें चलाने की योजना है। वहीं केंद्रीय विद्युत मंत्री आरके सिंह ने हरित हाइड्रोजन परिवहन परियोजना पर करार के लिए लद्दाख प्रशासन और एनटीपीसी को बधाई दी।
विद्युत मंत्री ने कहा कि लेह जल्द ही शून्य कार्बन उत्सर्जन के साथ हरित हाइड्रोजन परिवहन सेवा शुरू करने वाला देश का पहला प्रदेश बन जाएगा। लद्दाख को कार्बन न्यूट्रल प्रदेश बनाने के लिए सरकारी स्तर पर बड़े पैमाने पर कार्य चल रहा है। एनटीपीसी की 100 प्रतिशत सहायक कंपनी आरईएल के साथ लद्दाख प्रशासन का एमओयू हुआ है। उप राज्यपाल आरके माथुर ने कहा कि पहली हरित हाइड्रोजन परिवहन सेवा पर काम करना गर्व की बात है।
सौर ऊर्जा संयंत्र, हरित हाइड्रोजन उत्पादन की इकाई होगी स्थापित
कंपनी लेह में एक सौर संयंत्र और एक हरित हाइड्रोजन उत्पादन इकाई भी स्थापित करेगी। इससे लद्दाख को कार्बन शून्य बनाने में मदद मिलेगी। एनटीपीसी ने हाल ही में 2032 तक 60 गीगा वॉट की नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता प्राप्त करने के अपने लक्ष्य को संशोधित किया है, जो पिछले लक्ष्य को लगभग दोगुना कर देता है। हाल ही मेंए एनटीपीसी ने विशाखापत्तनम में भारत की 10 मेगा वॉट की सबसे बड़ी फ्लोटिंग सौर परियोजना शुरू की है।