बाबा रामदेव के बयान "जिस तरह से यहां रोहिंग्या बस रहे हैं उससे भारत में 10 कश्मीर बन जाएंगे" पर नेकां प्रमुख फारूक अब्दुल्ला ने तीखी प्रतिक्रिया जाहिर की है। उन्होंने कहा कि हिंदुस्तान का दिल बहुत बड़ा है। यहां जो भी चाहे बस सकता है, इज्जत से रह सकता है और यही हमारी परंपरा है। रामदेव न तो खुदा हैं और न ही हिंदुस्तान के मालिक हैं।
फारूक ने पाकिस्तान में इमरान खान के होने वाले शपथ ग्रहण पर कहा कि हमें एक नए पाकिस्तान की उम्मीद है। हम चाहते हैं कि वहां विकास हो और दोस्ती का माहौल बने। आतंकवाद रहित पाकिस्तान बने। यदि पाकिस्तान ने आतंकवाद का रास्ता छोड़ा तो दिल्ली क्या सभी लोग साथ देंगे।
धर्मगुरु दलाई लामा के माफी मांगने पर फारूक ने कहा कि नेहरू के लिए उन्होंने जो बात कही थी उसके लिए माफी मांगने पर खुश हैं। लेकिन एक बात सच है कि जब नेहरू और सारे लोग थे तो महात्मा गांधी ने मोहम्मद अली जिन्ना को प्रधानमंत्री बनने का आफर दिया था। जिन्ना ने तब कहा था कि आप बहुमत में हो। आज तो प्रधानमंत्री बना देंगे, लेकिन कल हटा भी सकते हैं। कहा कि आज धर्मनिरपेक्ष मुल्क को बदलने की कोशिश की जा रही है। यह बेहद खतरनाक होगा। ऐसे में लगता है कि दलाई लामा का बयान सही था।