एमओयू पर हस्ताक्षर के बाद मौजूद सैनिक स्कूल व शिक्षा निदेशालय के अधिकारी स्रोत सैनिक स्कूल
बुनियादी ढांचे के रखरखाव और विकास के लिए मिलेगा संस्थागत सहयोग
कैडेट्स के प्रशिक्षण और जरूरी सुविधाओं को मजबूत करने पर बनी सहमति
अमर उजाला ब्यूरो
नगरोटा। सैनिक स्कूल नगरोटा के बुनियादी ढांचे और सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए सैनिक स्कूल सोसायटी और जम्मू-कश्मीर सरकार के बीच समझौता हुआ है। वीरवार को दोनों पक्षों ने समझौता ज्ञापन (एमओए) पर हस्ताक्षर किए। 22 अगस्त 1970 को स्कूल की स्थापना के बाद से जम्मू-कश्मीर सरकार के साथ सहयोग को औपचारिक रूप देने की प्रक्रिया लंबित थी।
एमओए के तहत सैनिक स्कूल नगरोटा के बुनियादी ढांचे के रखरखाव और विकास में सहयोग किया जाएगा। स्कूल में जरूरी सुविधाओं को मजबूत किया जाएगा। कैडेट्स के लिए प्रशिक्षण की सुविधाओं को भी बेहतर बनाने पर सहमति बनी है। इसके अलावा स्कूल के रोजमर्रा के कामकाज के लिए भी संस्थागत सहयोग का ढांचा तैयार किया गया है। इस समझौते का उद्देश्य स्कूल को बेहतर सुविधाएं देना और कैडेट्स के लिए अनुकूल वातावरण तैयार करना है। इससे स्कूल की संस्थागत क्षमता मजबूत होने की उम्मीद है। दोनों पक्ष स्कूल के लगातार विकास के लिए आपसी सहयोग से काम करेंगे। समझौते पर सैनिक स्कूल सोसाइटी की ओर से मिलिट्री एंड सैनिक स्कूल के निदेशक केवी अजित और स्कूल शिक्षा निदेशक डॉ. नसीम जावेद चौधरी ने हस्ताक्षर किए। अब समझौते के बाद दोनों पक्षों के बीच सहयोग को औपचारिक रूप मिल गया है। स्कूल के प्रिंसिपल कैप्टन (आईएन) शिबू देवसिया ने समझौते पर खुशी जताई। उन्होंने कहा कि समझौते से स्कूल के विकास को नई गति मिलेगी। इससे कैडेट्स को बेहतर सुविधाएं और प्रशिक्षण का वातावरण मिल सकेगा।