सोमवार रात से लगातार हो रही भारी बारिश की वजह से बालटाल मार्ग पर अमरनाथ यात्रा रोक दी गई है। बताया जा रहा है कि बारिश की वजह से इस मार्ग पर फिसलन हो गई है और कीचड़ जम गया है। इस मार्ग पर भूस्खलन और पत्थरों के टूटने की भी आशंका है। इन सभी स्थितियों को देखते हुए बालटाल मार्ग से हेलिकॉप्टर सेवा भी बंद कर दी गई है। लेकिन यात्रियों के लिए पहलगाम मार्ग खुला हुआ है।
बता दें कि, पिछले कई वर्षों से एक माह के भीतर पवित्र गुफा में हिमलिंग के अंतर्धान होने और अन्य कारणों से आगामी तीस दिन की सीमित अमरनाथ यात्रा हो सकती है। अमरनाथ श्राइन बोर्ड इस महत्वपूर्ण मुद्दे को पब्लिक डोमेन में रखने की तैयारी कर रहा है।
राजभवन श्रीनगर में सोमवार को बोर्ड के चेयरमैन व राज्यपाल एनएन वोहरा की अध्यक्षता में हुई बोर्ड की 35वीं बैठक में श्री अमरनाथ जी बर्फानी लंगर संस्था (साबलो) की ओर से रखे गए सीमित यात्रा के प्रस्ताव को बोर्ड ने गंभीरता से लिया है। बोर्ड के समक्ष प्रस्तुत एक रिपोर्ट में साबलो ने जोर देकर कहा कि पिछले पांच वर्षों के अमरनाथ यात्रा आंकड़े से पता चलता है कि पहले 30 दिन में 90 फीसदी से अधिक यात्रियों ने पवित्र हिमलिंग के दर्शन किए।
इस आधार पर विभिन्न कारणों का हवाला देते हुए यात्रा की अवधि 30 दिन तक सीमित की जानी चाहिए। इस साल भी 25 दिन में हिमलिंग अंतर्धान हो गए हैं। साबलो की मांग पर ध्यान देते हुए बोर्ड ने कहा कि इस महत्वपूर्ण मुद्दे को सार्वजनिक डोमेन में रखा जाना चाहिए और आगे चर्चा की जानी चाहिए। इसमें अगर जनसमर्थन मिलता है तो आगामी यात्राओं को अवधि सीमित की जा सकती है।