जम्मू। डोमिसाइल प्रमाणपत्र के लिए प्रक्रिया पूरी कराने को लोग नगर निगम कार्यालय के चक्कर लगाने को मजबूर हो रहे हैं। ऐसे लोग जिनके पास स्टेट सब्जेक्ट नहीं है, उन्हें मतदान सूचियों में अंकित विवरण लेना पड़ रहा है। इस कारण लोगों को बार-बार नगर निगम कार्यालय जाना पड़ रहा है।
डोमिसाइल प्रमाणपत्र के लिए प्रक्रिया पूरी करने को साल 2002 का रिकार्ड मांगा गया है। नगर निगम के पास भी शहर के तमाम लोगों की वोटर सूची नहीं है। ऐसे में 2005 में बनी मतदाता सूची से भी मिलान करना पड़ रहा है। प्रतिदिन कार्यालय में दस से 12 लोग पहुंच रहे हैं। मतदान सूचियों के विवरण लेने में तीन से चार दिन का समय लग रहा है।
नगर निगम कार्यालय में विवरण लेने आए पक्का डंगा के सुनील कुमार ने बताया कि चार दिन से वह कार्यालय के चक्कर लगा रहे हैं। पहले वर्ष 2002 की सूची में रिकार्ड आधा था, जिस कारण उन्हें रिकार्ड नहीं मिला। इसके बाद वर्ष 2005 की सूची से विवरण लिया है। प्रक्रिया पूरी कराने में पांच दिन का समय लग गया है। रूपनगर के श्याम सुंदर ने बताया कि उन्हें अभी तक रिकार्ड नहीं मिला है। कार्यालय के चक्कर लगाते हुए एक सप्ताह का समय बीत चुका है। प्रतिदिन किराया खर्च कर नगर निगम कार्यालय पहुंचना पड़ रहा है, लेकिन काम नहीं हो पा रहा है। डोमिसाइल प्रमाणपत्र के लिए विवरण देना जरूरी है और काम अधर में लटक गया है। पलोड़ा के सुनीना ने बताया कि दो दिन से नगर निगम कार्यालय का चक्कर लगा रहे हैं। अभी तक रिकार्ड मुहैया नहीं कराया गया है। इस संबंध में उपमेयर पूर्णिमा शर्मा ने कहा कि लोगाें की सुविधा के लिए प्रयास जारी हैं। लोगों को रिकार्ड मुहैया कराने के लिए हर तरह की कोशिश की जा रही है। लोग सुविधा का लाभ उठा सकते हैं।