फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अनुच्छेद 370 हटने के बाद आया दलितों और आदिवासियों के जीवन स्तर में बदलाव : एलजी

विज्ञापन
विज्ञापन
- उपराज्यपाल ने श्रीनगर में विधिक सेवा प्राधिकरणों के उत्तरी क्षेत्रीय सम्मेलन को किया संबोधित
विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो
श्रीनगर। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने शनिवार को श्रीनगर में कहा कि जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 हटने के बाद दलितों और आदिवासियों के जीवन स्तर में बदलाव आया है। एलजी राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख उच्च न्यायालय और जम्मू-कश्मीर विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा आयोजित उत्तर क्षेत्र क्षेत्रीय सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे।
उपराज्यपाल ने राज्य विधिक सेवा प्राधिकरणों से यह सुनिश्चित करने का आह्वान किया कि सैन्य कर्मियों, आदिवासी समुदाय, समाज के वंचित और कमजोर वर्गों तक हर संभव कानूनी सहायता समय पर पहुंचे ताकि उनका जीवन आसान हो और संविधान द्वारा प्रदत्त उनके अधिकार सुरक्षित रहें।
विज्ञापन

उपराज्यपाल ने कहा कि 2019 से पहले, अनुसूचित जनजाति और अन्य पारंपरिक वनवासी (वन अधिकारों की मान्यता) अधिनियम और अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989 सहित कई केंद्रीय कानून जम्मू-कश्मीर पर लागू नहीं होते थे। अब, ये कानून लागू हो गए हैं और आदिवासी समुदाय सशक्त हुआ है। हम आदिवासी आबादी के सदस्यों को मुफ्त और सक्षम कानूनी सहायता प्रदान करके न्याय तक पहुंच सहित सभी संवैधानिक गारंटी और सुरक्षा प्रदान कर रहे हैं।
विज्ञापन

उपराज्यपाल ने अपने संबोधन में, सशस्त्र बलों के सदस्यों के लिए न्याय की सुगमता सुनिश्चित करने के लिए जम्मू-कश्मीर प्रशासन द्वारा की गई प्रमुख पहलों पर बात की और आदिवासी समुदाय को कानूनी सहायता प्रदान करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर विधिक सेवा प्राधिकरण, नियम 2020 में संशोधन करके जिला सैनिक बोर्ड के सचिव को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण का सदस्य बनाया गया है ताकि सैनिकों को कानूनी सहायता प्रदान की जा सके। उन्होंने उपराज्यपाल सैनिक सहायता केंद्र के बारे में बताया। उपराज्यपाल ने कहा, मुझे विश्वास है कि इस महत्वपूर्ण सम्मेलन में जिला स्तर पर आने वाली चुनौतियों के समाधान के साथ-साथ, आम नागरिकों को संविधान के तहत उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करने हेतु आवश्यक हस्तक्षेपों पर भी चर्चा की जाएगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें