नए अधिवास अधिनियम को लेकर एक बार फिर उमर अब्दुल्ला ने केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि दिल्ली ने इस संकट के समय अधिवास नियम जारी करके गलती की है। उन्होंने कहा कि पांच अगस्त के बाद से मैंने अपने मन की बात नहीं कही है। लेकिन मौजूदा समय खत्म होते ही मैं अपनी बात कहूंगा।
इससे पहले एक अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने नए अधिवास अधिनियम पर कई सवाल उठाए थे। उमर ने कहा कि यदि भारत सरकार के पास कोरोना वायरस जैसी महामारी के बीच अधिवास कानून जारी करने का समय है तो उन्हें महबूबा मुफ्ती को रिहा करने का समय क्यों नहीं मिल सकता है।
If Govt of India has the time to issue a domicile law in the midst of this #COVID crisis why can’t they find the time to release @MehboobaMufti, Sagar Sahib & other leaders unjustly detained? They should be released without further loss of time.
— Omar Abdullah (@OmarAbdullah) April 1, 2020