गांव बजीदा जट्टान में पंचायती काम के दौरान शनिवार शाम को एक मजदूर की
मौत हो गई। गांव की गली में मिट्टी डालने को लेकर मजदूर ट्राली को भर रहे
थे।
ढांक से मिट्टी खिसकने से मजदूर दब गया। तुरंत अन्य मजदूरों ने दबे
मजदूर को बाहर निकाला और कल्पना चावला राजकीय मेडिकल कॉलेज में लेकर आए।डॉक्टराें ने मजदूर की हालत गंभीर देखते हुए उसे पीजीआई रेफर कर दिया।
रास्ते में ही मजदूर अलीशेर (36) ने दम तोड़ दिया। वापस परिजन मजदूर को
मेडिकल कॉलेज लेकर आए। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
मृतक अलीशेर के
भाई ईश्म सिंह ने बताया कि वह शनिवार को गांव की गली में मिट्टी डालने को
लेकर पंचायत की ओर से मजदूरी पर थे। ट्राली के चारों तरफ से पांच-छह मजदूर
मिट्टी डालने में लगे थे। अचानक अलीशेर की तरफ से मिट्टी की ढांक खिसक गई
और वह नीचे दब गया। गंभीर हालत में उसे मेडिकल कॉलेज लेकर आए, जहां से
पीजीआई जाते वक्त शनिवार देरशाम रास्ते में ही दम तोड़ दिया। मृतक के भाई
ईश्म सिंह ने कहा कि खेतीबाड़ी नहीं है। फिलहाल पंचायत की ओर से कोई आर्थिक
सहायता के लिए नहीं आया है।
बच्चों को देते रहे दिलासा
अलीशेर
की मौत के बाद घर में आय का स्रोत नहीं रहा। मृतक का बड़ा लड़का तेरह साल
का है और दूसरे नंबर पर लड़की और तीसरे नंबर पर लड़का है। रोते बिलखते
बच्चों को हर कोई दिलासा देने में लगा रहा। मृतक की पत्नी सहित परिवार जनों
का रो-रोकर बुरा हाल है।