सांबा के गौरण में छड़ी यात्रा निकलते श्रदालु
सांबा। जिले के पहाड़ी ब्लॉक सुंब के दूर दराज क्षेत्र व धार्मिक स्थल बाबा शिवो (गोरण बाबा) से रविवार को छड़ी यात्रा निकाली गई। जो समोठा में उनके पैतृक गांव व बाबा शिवो के माता पिता के स्थान तक ले जाई गई। इसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। बाबा शिवो देव स्थान से शुरू हुई यात्रा ढोल नगाड़ों के साथ करीब छह किलोमीटर की यात्रा कर पहले पड़ाव पर बाबा डंगा देव स्थान पर पहुंची।
बताया जाता है कि बाबा यहां पर धतारा बजाया करते थे। बाबा शिवो की निर्ममतापूर्वक हत्या यहां पर की गई थी। बाबा शिवो गोरण कमेटी के प्रधान देश राज शर्मा ने बताया कि बाबा ने स्वप्न में बताया कि मुझे मेरे पैतृक गांव तक मेरी छड़ी यात्रा निकाली जाए। ताकि वह अपनी माता रानी कल्ली देवी व पिता राजा लद्द देव से मिल सकें। इसके चलते बाबा शिवो की आज तीसरी छड़ी यात्रा निकाली गई। उन्होंने कहा कि यह यात्रा हर वर्ष निकाली जाएगी। देसराज ने बताया कि बाबा शिवो की छड़ी यात्रा में शामिल होने वाले श्रद्धालु की बाबा शिवो मनोकामना पूरी करते हैं।
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बाबा शिवो का पैतृक गांव समोठा में है। यहां बाबा के माता-पिता रहते थे। उनके घर कोई संतान नहीं होने से वह भक्ति में रहते थे। एक बार किसी संत के उनको दर्शन हुए और करीब 25 साल के उनके घर बाबा शिवो के रूप में संतान हुई। बाबा की अध्यात्म की ओर अधिक रुचि थी और बाबा अकेले ही डंगा तार में धतारा बजाया करते थे। किसी साजिश के तहत उनकी निर्मम हत्या कर दी गई। बाबा का कटा धड़ गोरण में आ गया और बाबा का शीश गड समोठा में गिरा। यहां उनके माता-पिता रहते थे। यह देख उनके माता-पिता भी वहीं सती हो गए। वहां पर भी मंदिर बनाया गया है।
-देस राज शर्मा, प्रधान, बाबा शिवो कमेटी