सीआरपीएफ की ‘शेरपा’ वाकई शेर है। यह बुलेटप्रूफ फौलादी गाड़ी है, जिसका इस्तेमाल पहली बार श्रीनगर के करन नगर इलाके में आतंकियों से लोहा लेने में किया गया। सीआरपीएफ की क्विक एक्शन टीम (क्यूऐटी) के दस्ते में शामिल यह स्पेशल कांबेट व्हीकल पर 10 किलो आरडीएक्स, आईईडी और लैंड माइन भी बेअसर है।
गाड़ी को शेरपा एंटी हाईजैकिंग व्हीकल नाम दिया गया है। गाड़ी में बुलेट प्रूफ शीशे लगे हैं, वहीं इसके बोनट पर लगा 360 डिग्री कैमरा आस-पास के हर मूवमेंट को कैद करने में सक्षम है। सीधी फुटेज गाड़ी के भीतर स्क्रीन पर देखी जा सकती है। इसकी खासियत यह भी है कि अगर कोई अन्य चाहे तो इसे बाहर से नहीं खोल सकता।
ग्राउंड क्लियरेंस बेहतर होने की वजह से आफ रोड मसलन पानी, कीचड़ आदि से पार पाने के लिए बेहतरीन है। 100 से 120 किलोमीटर की रफ्तार तुरंत पकड़ती है।
आपरेशन के बाद जब ‘शेरपा’ को वापस लाया जा रहा था तो हर कोई इस गाड़ी को कौतूहल भरी निगाहों से देख रहा था।
सीआरपीएफ के एक अधिकारी ने बताया कि इस गाड़ी को उस जगह इस्तेमाल किया जाता है, जहां सामान्य गाड़ी नहीं जा सकती। इसमें लगी विशेष लाइट्स रात के आपरेशन में मददगार हैं, जबकि इसके भीतर से एक सीढ़ी भी लगाई जा सकती है, जो बहुमंजिला इमारत पर चढ़ने में सहायक है।
फ्रांस की कंपन रिनाल्ट ने बनाया है इसे
‘शेरपा’ को फ्रांस की रिनाल्ट कंपनी ने बनाया है। इसमें ड्राईवर, को-ड्राईवर समेत चार लोग बैठ सकते हैं। हर दरवाज़े में बन्दूक की नली के लिए जगह दी गई है। सीआरपीएफ की क्यूएटी में इसके शामिल होने से इस टीम की क्षमता और बढ़ गयी है। वह अब किसी भी तरह के आपरेशन को आसानी से अंजाम दे सकती है।