बाढ़ पीड़ित श्रीनगर के नौहाटा इलाके में रविवार को आतंकियों ने नेशनल कांफ्रेंस कार्यकर्ता लतीफ अहमद गुपकारी की गोली मारकर हत्या कर दी।
श्रीनगर में बाढ़ आने के बाद यह पहली आतंकी घटना है। देर शाम समाचार लिखे जाने तक किसी भी आतंकी संगठन ने वारदात की जिम्मेदारी नहीं ली थी।
वारदात के बाद सुरक्षा बलों ने इलाके की घेराबंदी कर आतंकियों की धरपकड़ के लिए सर्च आपरेशन चलाया, पर हमलावरों का कोई सुराग नहीं लगा। वारदात के बाद से पहले से बाढ़ पीड़ित लोगों में दहशत का आलम है।
घर से कुछ ही दूरी पर मारी गोली
श्रीनगर के कई इलाकों में मकान पानी में डूब जाने और क्षतिग्रस्त हो जाने के चलते हजारों की संख्या में लोग अब भी बेघर हैं और टेंटों में जिंदगी गुजार रहे हैं। ऐसे में लोगों को अब सुरक्षा की भी चिंता सताने लगी है।
लिस और सूत्रों के मुताबिक नेकां कार्यकर्ता लतीफ अहमद गुपकारी पेशे से दुकानदार था। रविवार को लतीफ को बाइक सवार आतंकियों ने उसके घर से कुछ ही दूरी पर बहुत करीब से गोली मार दी और फरार हो गए।
डाक्टरों ने मृत घोषित कर दिया
घटनास्थल के आसपास मौजूद लोगों ने हमले के तुरंत बाद लतीफ को सौरा मेडिकल कालेज अस्पताल पहुंचाया, पर डाक्टरों ने उसे मृत लाया घोषित कर दिया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
उल्लेखनीय है कि इससे पहले भी आतंकी संगठन राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं और पंच-सरपंचों को निशाना बनाते रहे हैं। पर श्रीनगर में बाढ़ आने के बाद यह पहली आतंकी वारदात है जिसमें राजनीतिक दल के कार्यकर्ता की हत्या की गई है।