बठिंडा-जम्मू के बीच चलने वाली बठिंडा-जम्मूतवी एक्सप्रेस से एक साढ़े तीन साल की बच्ची लावारिस हालत में मिली है। आसपास के लोगों ने उसे रोते देखा तो जीआरपी को सूचित किया। पुलिस ने बच्ची को अपने पास लिया तो उसके पास से एक लिफाफा मिला, जिसमें 300 रुपये और एक पंजाबी गानों की सीडी निकली है।
पुलिस ट्रेन से उतरी कई सवारियों को रोककर बच्ची के बारे में पूछा, लेकिन किसी ने बच्ची उनकी होने की दावेदारी नहीं जताई। तब चाइल्ड लाइन वालों को सूचित किया। जीआरपी के एसएचओ नीरज चौधरी के मुताबिक बच्ची हलके हरे रंग की शर्ट, सफेद रंग की पजामी और काले रंग के जूते पहनाए हए हैं।
उन्होंने बताया कि कुछ यात्रियों से मालूम हुआ कि बच्ची को स्लीपर कोच में देखा गया था। लेकिन उसके साथ कोई नहीं था। तभी चाइल्ड लाइन से प्रतिनिधि आएं, जीआरपी ने लावारिस मिली बच्ची को सौंपने की सभी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद उसे चाइल्ड लाइन के हवाले कर दिया।
एसपी रेलवे सूरम सिंह ने कहा कि बच्चों को हवाले करने से पहले उससे पूछा गया तो उसने अपना नाम चंचल बताया है। अपने माता-पिता के बारे में वह जानकारी देने में असमर्थ है। बच्ची से पूछताछ का प्रयास किया है, लेकिन वह परिवार वालों के बारे में बताने में असमर्थ है। अन्य प्रदेशों की पुलिस को इसके बारे में सूचित कर दिया गया है।