बाड़ी ब्राह्मणा। बैंक खाते से ऑनलाइन की गई छह लाख रुपये की ठगी मामले में पुलिस कोई ठोस कार्रवाई की बजाय पीड़ित को गुमराह किए हुए है। इस मामले में बैंक ने अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लिया और इसमें साइबर सेल की कार्रवाई को आधार मान रहा है। दूसरी तरफ इस ठगी होने के करीब 13 दिन बीच चुके हैं, और अभी भी कार्रवाई अधर में ही लटकी हुई है।
जानकारी के अनुसार बाड़ी ब्राह्मणा निवासी इरफान अहमद का अकाउंट एक्सिस बैंक में हैं। उनके खाते से 30 जुलाई की रात 9-10 बजे के बीच 5.85 लाख रुपये की धोखाधड़ी हो गई। इसकी शिकायत उन्होंने 31 जुलाई को बैंक में करने के साथ ही बाड़ी ब्राह्मणा थाने में की। थाने के कर्मचारियों ने उन्हें यह आश्वासन दिया यह मामला साइबर को ट्रांसफर कर दिया जाएगा। दो दिन इंतजार के करने के बाद उन्हें थाने से उनकी तहरीर की रिसीविंग दे दी गई और एक चिट्ठी दिखाते हुए कहा कि यह साइबर सेल को भेजी जा रही है। उधर इरफान अहमद ने साइबर सेल में जानकारी हासिल की तो 8 अगस्त तक उनकी चिट्ठी साइबर सेल नहीं पहुंची। इस बीच डीएसपी आफिस बाड़ी ब्राह्मणा से उनके पास फोन से उनके मामले के बारे में जानकारी मांगी गई कि आखिर आपके साथ क्या वारदात हुई है। डीएसपी आफिस से उन्हें यह कहा गया कि इसकी शिकायत आपको स्वयं ही साइबर सेल में करनी चाहिए थी। इस फोन ने इरफान अहमद को चक्कर में डाल दिया कि पुलिस ने उनके मामले में कोई कार्रवाई करने के बजाय गुमराह कर दिया। विशेष बात यह है कि अभी भी इस मामले में कोई गंभीरता नहीं दिखाई गई है।
बाद में इरफान अहमद ने स्वयं ही इस ठगी की शिकायत गांधी नगर स्थित साइबर सेल में नौ अगस्त को सेल के कर्मचारी अतुल कुमार को दी। कुल मिलाकर अगर देखा जाए तो पुलिस ने छह लाख रुपये की ठगी के इस मामले में न तो बैंक वालों के खिलाफ कोई कार्रवाई की गई है और न ठगी करने वालों के खिलाफ ही कोई कदम उठाए गए हैं। हालांकि उन्हें साइबर सेल से यह उम्मीद जगी है कि उनके मामले में गंभीरता दिखाई जा रही है। कर्मचारी अतुल कुमार ने उन्हें आश्वासन दिया है कि मामले का संज्ञान लिया जा रहा है।