सांबा। जम्मू-कश्मीर व लद्दाख हाईकोर्ट के न्यायाधीश वसीम सादिक नरगल ने बुधवार को जिला अदालत परिसर सांबा का निरीक्षण किया।
जस्टिस नरगल ने कहा कि असली न्याय की शुरुआत जिला स्तर से होती है। जब जिला न्यायपालिका मजबूत होती है तभी संविधान की आत्मा सशक्त होती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि न्यायिक ढांचा केवल भवन निर्माण नहीं बल्कि कोर्ट रूम, डिजिटल सिस्टम, लाइब्रेरी, मानव संसाधन और आम लोगों की सुविधाओं का समग्र तंत्र है।
लंबित मामलों पर चिंता जताते हुए उन्होंने कहा कि त्वरित न्याय जरूरी है लेकिन न्याय की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होना चाहिए।
जस्टिस नरगल ने ई-कोर्ट, ई-फाइलिंग, वर्चुअल सुनवाई और ऑनलाइन सेवाओं को पारदर्शिता व सुगमता की दिशा में अहम कदम बताया। उन्होंने बेंच और बार के बीच बेहतर समन्वय, मध्यस्थता व सुलह प्रक्रिया को बढ़ावा देने और युवा वकीलों से ईमानदारी व अनुशासन के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया।
दौरे के दौरान जस्टिस नरगल ने जिला प्रशासन, पुलिस और बार एसोसिएशन के साथ अलग-अलग समीक्षा बैठकें कीं। संवाद