श्रीनगर। प्रदेश सरकार ने जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख उच्च न्यायालय को सूचित किया है कि ट्रांसजेंडर समुदाय के लिए कोई आरक्षण निर्धारित नहीं किया गया है। एक सार्वजनिक याचिका की सुनवाई के दौरान सरकारी वकील फैहीम निसार शाह ने कहा कि अब तक और संबंधित अधिकारियों से प्राप्त निर्देशों के अनुसार, ट्रांसजेंडर समुदाय के लिए कोई आरक्षण नहीं है। हालांकि, उन्होंने इस संबंध में हलफनामा दाखिल करने के लिए समय की मांग की, जिसे मुख्य न्यायाधीश ताशी रबस्तान और न्यायमूर्ति मोहम्मद अकराम चौधरी की डिवीजन बेंच ने स्वीकार किया। संवाद