हाईकोर्ट ने एडवोकेट जनरल को आदेश दिया कि वह ट्रायल कोर्ट द्वारा गंभीर मामलों में पारित आदेशों पर ध्यान दें। खासकर नशा तस्करी जैसे मामलों में आपराधिक न्याय प्रणाली को मजबूत करने को सुनिश्चित करें। हाईकोर्ट में दायर एक जनहित याचिका मामले में जस्टिस अली मोहम्मद मागरे ने वीरवार को सुनवाई करते हुए यह आदेश दिए।
बांदीपोरा के रहने वाले खुर्शीद अहमद वानी पर नशा तस्करी का केस है। जिसे कोर्ट ने अंतरिम जमानत दी, लेकिन इसके बाद एक अन्य आदेश में जमानत को खारिज कर दिया। खुर्शीद ने जमानत को खारिज करने वाले आदेश को कोर्ट में चुनौती दी थी।
जस्टिस अली मोहम्मद ने कहा कि जमानत देने के लिए सिर्फ अपराध की श्रेणी देखना ही काफी नहीं। बांदीपोरा के एसएसपी को कहा कि वह अपीलकर्ता को दोबारा गिरफ्तार करें। इस मामले की अगली सुनवाई 17 अगस्त 2020 को रखी गई है।