जम्मू-कश्मीर क्षेत्र में हो सकते हैं लद्दाख के मामले
सूत्रों के अनुसार लद्दाख के अलग होने के बाद भी लद्दाख में एसीबी का काम जम्मू-कश्मीर के क्षेत्राधिकार में रह सकता है। लद्दाख में पूरी तरह से ढांचा विकसित होने के बाद इसे अलग किए जाने की संभावना है।
दूसरे कैंडर के स्टाफ आने की भी संभावना
एसीबी में केंद्रीय पीसी एक्ट लगने के बाद बाहरी स्टाफ आने की भी संभावना है। हाल में केंद्र ने दूसरे कैडर के आईपीएस अफसर को जम्मू ट्रांसफर किया है। एसीबी में मैनपावर बढ़ाने की कवायद चल रही है।
"नए पीसी एक्ट में दो बड़े बदलाव हैं। बाकी की कार्यप्रणाली भी केंद्रीय पीसी एक्ट के मुताबिक होगी।"-आनंद जैन, निदेशक, एंटी करप्शन ब्यूरो