आरएस पुरा / मीरां साहिब। कोरोना कर्फ्यू के चलते सुबह दस बजे तक खाद्य पदार्थों सहित फल व सब्जियों की दुकानें खुलने पर कई दुकानदार मनचाही कीमतों पर कारोबार कर रहे हैं। प्रशासन की ओर से इन पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा। कस्बे में होलसेल पर सामान बेच रहे दुकानदारों का कहना है कि पीछे से माल की आपूर्ति नहीं होने पर कीमतों में बढ़ोतरी होने पर दिक्कत आ रही है।
ग्रामीण क्षेत्र में चल रही दुकानों पर भी लोगों को अधिक कीमतों पर समान बेचा जा रहा है। रमेश लाल का कहना है कि कोरोना महामारी के चलते प्रशासनिक अधिकारियों को नजर रखनी चाहिए कि बाजार में बेचे जा रहे पदार्थों की कीमत तय किए होने पर अधिक कीमत पर तो नहीं बेचा जा रहा। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार के हालात इस समय बने हैं प्रशासन को हरकत में आकर हो रही कालाबाजारी को लेकर कार्रवाई करनी चाहिए लेकिन ऐसा नहीं किया जा रहा। कोरोना कर्फ्यू के चलते दस बजे के बाद कस्बे में मेडिकल स्टोर ही खुले रहे और बाजार वीरान पडे़ रहे। वहीं लोग बाजार में आते जाते दिखे जिन्हें दवाइयों की जरूरत थी या बीमार होने पर डॉक्टरों को दिखाना था। ट्रांसपोर्टरों की हड़ताल के चलते स्टेट रोडवेज की बसें जरूर चल रहीं, जिससे लोगो को काफी हद तक जरूरी कार्यों के लिए आने जाने के लिए राहत मिली। पुलिस द्वारा कई स्थानों पर नाके लगाए होने पर दो पहिया व अन्य वाहनों पर आते जाते लोगों को पूछताछ कर ही भेजा गया।
रोजमर्रा की चीजों के दामों में बढ़ोतरी
अखनूर। क्षेत्र में कोरोना कर्फ्यू के चलते रोजमर्रा की चीजों के दामों में बढ़ोतरी हो गई है। क्षेत्र के लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि इस पर लगाम लगाने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएं।
क्षेत्र में कोरोना कर्फ्यू के चलते रोजमर्रा की चीजों के दामों में बढ़ोतरी हो गई है। सब्जी, फलों, दाल, चावल सहित अन्य खाने वाले सामान के दाम बढ़ गए हैं। लोग इसकी खरीद को लेकर असमंजस में पड़ गए हैं। जो सब्जी पहले 30 रुपये किलो बिक रही थी वह 60 रुपये किलो में बिक रही है। स्थानीय निवासी सतपाल ने बताया कि लॉकडाउन पर जमाखोर लोगों को लूटने में लग गए हैं। ऐसे में लोगों की परेशानियां काफी बढ़ गई हैं। सीमा देवी ने बताया कि एक तरफ लॉकडाउन से आय बंद हो गई है। ऊपर से दाल, आटे सहित अन्य चीजों के दामों में बढ़ोतरी से दिक्कतें बढ़ गई हैं।
सीमावर्ती क्षेत्र में कोरोना कर्फ्यू जारी
अखनूर। सीमावर्ती क्षेत्र में कोरोना कर्फ्यू रविवार को भी जारी रहा। सड़कों पर वाहनों की आवाजाही ठप रही। जरूरी काम से निकले लोग ही नजर आए। क्षेत्र के बाजारों में सिर्फ रोजमर्रा की जरूरत वाले सामान की दुकानें खुलीं, और 10 बजे बंद भी हो गईं। पुलिस और प्रशासन ने कर्फ्यू के नियमों को लागू करने के लिए जगह-जगह नाके और गश्त लगाकर पूछताछ की। कस्बे की कई सड़कों पर नाकाबंदी करके आने जाने वाले वाहनों की छानबीन हुई। नायब तहसीलदार अशोक कुमार ने कहा कि कोरोना महामारी के चलते लॉकडाउन के नियमों का पालन करें। महामारी भयंकर रूप ले चुकी है। इसलिए सभी को आदेशों का पालन करना होगा। संवाद