जम्मू। मंडलायुक्त जम्मू डॉ. राघव लंगर ने संभाग के दस जिलों में रैपिड परीक्षण में तेजी लाने के साथ आरटीपीसीआर परीक्षण क्षमता के इष्टतम उपयोग के लिए उचित उपाय करने के निर्देश दिए हैं। घरों पर कोविड आइसोलेट मरीजों के स्वास्थ्य की स्थिति की नियमित निगरानी को सुनिश्चित बनाया जाए। इसके लिए निगरानी टीमों की और सक्रियता बढ़ाई जाए। सभी जिला प्रबंधन सक्रिय सकारात्मक मामलों को गंभीरता से लेते हुए कोविड रोगी देखभाल प्रबंधन को और मजबूत बनाएं। मंडलायुक्त ने बुधवार को वर्चुअल माध्यम से सीएमओ, एडीडीसी, बीएमओ, जिला आशा समन्वयकों आदि के साथ वर्तमान कोविड प्रबंधन की समीक्षा की।
मंडलायुक्त ने उपायुक्तों और विभागीय अधिकारियों के साथ एक अन्य बैठक में आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना-सेहत योजना (एबी-पीएमजेएवाई-सेहत) के कार्यान्वयन की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने उपायुक्तों से स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत 31 मार्च 2022 तक सभी लाभार्थियों को कवर करने को कहा। बताया गया कि जम्मू संभाग में 1030604 लाभार्थी परिवार हैं। जिसमें कम से कम एक सदस्य के साथ सत्यापित परिवारों की संख्या 830136 है जो लक्षित परिवारों का 80 फीसदी है। कुल 5187847 व्यक्तिगत लाभार्थियों में से अब तक 2854840 पंजीकृत हो चुके हैं। उन्होंने उपायुक्तों और मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को संबंधित क्षेत्रों में कम पंजीकरण के कारणों की पहचान करने को कहा। उन्होंने सभी पात्र लोगों को गोल्डन कार्ड जारी करने के साथ पहचान प्रणाली पोर्टल पर सभी छूटे हुए लोगों को पंजीकृत करने को कहा। इसके लिए जन जागरूकता को बढ़ावा भी दिया जाए। ग्राम स्तर पर लक्षय प्राप्त करने के लिए आशा कार्यकर्ताओं, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की सक्रियता को बढ़ाया जाए। उपायुक्त कम प्रदर्शन करने वाले ब्लाकों की पहचान करें। इस योजना के तहत प्रति परिवार को पांच लाख रुपये का स्वास्थ्य बीमा कवर दिया जा रहा है।