प्रशासन का कहना है कि राहत एवं पुनर्वास आयुक्त कार्यालय के पास कश्मीरी पंडितों के 300 से अधिक आवेदन लंबित पड़े हैं। इन लोगों ने आवास की जरूरत बताई है जबकि बड़ी संख्या में आवास का नियमों को ताक पर रखकर इस्तेमाल हो रहा है। इसी के चलते नोटिस जारी किए गए हैं।