- हर विस्थापित परिवार को 30 लाख मुआवजा देने की मांग, कई परिवार अब भी सहायता से वंचित
-गैर-कैंप परिवारों को कृषि भूमि, 1971 के विस्थापितों को प्लॉट और पीएम आवास योजना का लाभ देने की उठी आवाज
संवाद न्यूज एजेंसी
जम्मू। पीओजेके विस्थापितों की छह दशक से लंबित मांगों को लेकर सोमवार को महाराजा हरि सिंह पार्क में बड़ी संख्या में विस्थापितों ने प्रदर्शन किया। पीओजेके डीपी फ्रंट के अध्यक्ष कैप्टन (सेवानिवृत्त) युधवीर सिंह चिब के नेतृत्व में आयोजित रैली में महासचिव जेपी शर्मा और महिला विंग अध्यक्ष शकुंतला देवी समेत बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। प्रदर्शनकारियों ने बैनर और झंडे लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और मांगों के जल्द समाधान की अपील की।
फ्रंट ने प्रत्येक विस्थापित परिवार को 30 लाख रुपये मुआवजा देने की मांग उठाई। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि अब तक केवल 5.5 लाख रुपये की सहायता मिली है, जबकि कई परिवार अभी भी आर्थिक सहायता से वंचित हैं। विस्थापितों ने गैर-कैंप परिवारों को कृषि भूमि देने और 1971 के विस्थापित परिवारों को आवासीय प्लॉट उपलब्ध कराने की मांग भी की। साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आर्थिक सहायता देने की मांग रखी।
फ्रंट नेताओं ने अगस्त 2024 में कृषि भूमि के मालिकाना हक से संबंधित जारी सरकारी आदेश को जल्द लागू करने की मांग की। उन्होंने कहा कि विस्थापितों की समस्याओं को विधानसभा में प्रभावी तरीके से उठाने के लिए समुदाय को अधिक राजनीतिक प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए। रैली में वीरेंद्र सिंह चिब, सुखदेव सिंह, केहर सिंह, रतन लाल और कुलबीर सिंह चिब आदि मौजूद रहे।