जम्मू। तेज बारिश के बाद नालों का पानी घरों में घुसने से करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ है। वहीं, भूस्खलन से कई मकान क्षतिग्रस्त हो गए है, तो कई गिरने की स्थिति में हैं। नानक नगर, कालिका कालोनी, छन्नी रामा, छन्नी हिम्मत, डिल्ली समेत कई अन्य जगहों पर भी नुकसान पहुंचा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि नाले का मलबा घरों में घुसने से काफी नुकसान हुआ है। लाखों रुपये का सामान बेकार हो गया है। कालिका कालोनी में नाले के साथ बने घर भूस्खलन की चपेट में आ गए। इस कारण सामान भी नाले में बह गया। कई इमारतों का आधा हिस्सा भी भूस्खलन की भेंट चढ़ गया है। वहीं, कई इमारतें गिरने की स्थिति में पहुंच गई है। इस बीच कुछ लोगों को दूसरी जगहों पर शरण लेना पड़ा है। मकान की जर्जर स्थिति को देखते हुए शनिवार को भी कई लोग सामान के साथ एक जगह से दूसरी जगह जाते दिखे। कुछ लोग क्वार्टराें में भी शिफ्ट हुए हैं।
किसी की दुकान तो किसी का घर ही पहुंच गया नाले में
कालिका कालोनी के मंटू राम ने बताया कि उनकी दुकान ढह गई है। नाले में सामान बह गया है। इससे उन्हें दस लाख रुपये का नुकसान हुआ है। उन्होंने कहा कि वह कर्जा लेकर दुकान चला रहे थे। कारोबार करने के लिए पैसे नहीं हैं। वहीं, आकाश ने बताया कि उनके घर का वाशरूम नाले में बह गया है। एक लाख रुपये की लागत से उसे बनाया था। जीया राम ने बताया कि उनका घर गिर गया है। लाखों रुपये का नुकसान हो गया है। अब्दुल गनी ने बताया कि उनके घर का अगला हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया है। उन्होंने कहा कि साठ लाख रुपये की लागत से मकान बनाया था।
उधर, नानक नगर के रहने वाली कौशल्या देवी ने कहा कि नाला आगे से तंग है। हर बार बारिश का पानी घर में आता है। इससे लाखों रुपये का नुकसान होता है। इस बार भी मकान के आगे की दीवार ढह गई है। निका राम ने बताया कि पानी के साथ आया नाले का मलबा मकान के अंदर जमा है। हर रोज निकाल रहे हैं। अभी तक पूरी तरह से सफाई नहीं हो पाई है। मलबे से घरों में रखा सामान खराब हो गया है। कई सामान को फेंकना पड़ा है। एस चोपड़ा ने बताया कि पानी घर से निकाला जा चुका है। लेकिन काफी सामान खराब हो गया है। शास्त्री नगर के रूपेश ने बताया कि हर बार समस्या पेश आती है। इस बार दावे भी नगर निगम ने किए, लेकिन कुछ नहीं हुआ। एक ही बारिश से सब तबाह हो गया। छन्नी रामा के उमेश ने बताया कि नाले ने जमकर कहर बरपाया है।
बीस करोड़ का हो चुका है नुकसान
नगर निगम के अनुसार अभी तक बीस करोड़ से ज्यादा का नुकसान हो चुका है। राजस्व विभाग की टीमें नुकसान का आंकलन कर रही हैं। हालांकि अभी तक उच्च अधिकारियों की ओर से प्रभावित इलाकों का दौरा नहीं किया गया है। डिप्टी मेयर पूर्णिमा शर्मा ने कहा कि लोगों की समस्या का समाधान किया जाएगा। हालांकि पहले भी नालों पर काम किया गया है। अब फिर से नालों पर काम होगा। ओवरफ्लो होने की समस्या का हल किया जाएगा।