आतंकियों के साथ गिरफ्तार जम्मू-कश्मीर पुलिस के डीएसपी दविंदर सिंह की गिरफ्तारी के छह सप्ताह बाद बुधवार को श्रीनगर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की सुरक्षा व्यवस्था केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) ने संभाल ली जबकि जम्मू एयरपोर्ट पर यह फेरबदल मार्च के पहले सप्ताह में होगा। इस संदर्भ में पुलिस मुख्यालय ने एयरपोर्ट पर तैनात/अटैच एग्जीक्यूटिव और आर्म्ड पुलिस के अफसरों और कर्मियों को हटने का आदेश दिया है।
अधिकारियों के अनुसार, पुलिस उपाधीक्षक दविंदर सिंह की 11 जनवरी को हुई गिरफ्तारी के बाद हवाईअड्डे की सुरक्षा सीआईएसएफ को सौंपे जाने की प्रक्रिया तेज कर दी गई थी। सिंह को तब पकड़ा गया था जब वह हिज्बुल मुजाहिदीन के तीन आतंकवादियों को घाटी से निकालकर चंडीगढ़ भेजने की कोशिश कर रहा था। सीआईएसएफ ने हवाईअड्डे की सुरक्षा के लिए अपने 500 कर्मियों को तैनात किया है।
इस संबंध में एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सभी हवाई अड्डों और सरकारी प्रतिष्ठानों का सुरक्षा दायित्व संभालने वाली सीआईएसएफ श्रीनगर अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे को समग्र आतंकवाद रोधी सुरक्षा उपलब्ध कराएगी। श्रीनगर हवाई अड्डा सीआईएसएफ के सुरक्षा घेरे में रहने वाला 62वां हवाईअड्डा होगा। हवाई अड्डा निदेशक संतोष ढोके ने हवाई अड्डे की रस्मी चाबी सीआईएसएफ के विशेष महानिदेशक (हवाईअड्डा) एमए गणपति को सौंपी जिसकी रखवाली अब तक सीआरपीएफद्ध और जम्मू -कश्मीर पुलिस के हाथ में थी।
सभी पुलिसकर्मी डिटैच
इसबीच पुलिस मुख्यालय के एडीजीपी कोआर्डिनेशन एसजेएम जिलानी की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि आर्म्ड और एक्जीक्यूटिव पुलिस के सभी कर्मी अपने संबंधित जोन में रिपोर्ट करें। जो कर्मी दोनों एयरपोर्ट पर अटैच किए गए हैं, उन्हें भी डिटैच किया जाता है। वे भी अपने जोन और बटालियन में रिपोर्ट करें। वहीं गजटेड अफसरों को कहा गया है कि वह पुलिस मुख्यालय में रिपोर्ट करें, ताकि उन्हें अन्य स्थानों पर समायोजित किया जा सके।
कटड़ा और सांझी छत हेलिपैड पर तैनात पुलिसकर्मी अभी नहीं हटेंगे
कटड़ा और सांझी छत हेलिपैड पर तैनात पुलिस कर्मी अभी वहीं पर बने रहेंगे। ये पुलिसकर्मी एसएसपी सिक्योरिटी जम्मू के अधीन रहेंगे।