जम्मू। मुख्य सचिव अटल डुल्लू ने केंद्र शासित प्रदेश में सौ प्रतिशत सरकारी भवनों को छत सौर कार्यक्रम के तहत कवर करने पर जोर दिया। उन्होंने शनिवार को छत सौर कार्यक्रम और पीएम विश्वकर्मा योजना के कार्यान्वयन की समीक्षा की। उन्होंने सौर छतों की स्थापना के लिए उपयुक्त सभी इमारतों की पहचान करने को कहा। इस ऊर्जा को ग्रिड तक पहुंचाने के लिए अन्य उपाय करने के अलावा खर्च बढ़ाने की सलाह दी। बताया गया कि एमएनआरई ने केंद्र शासित प्रदेश में सरकारी क्षेत्र के तहत रूफटॉप सोलर की क्षमता और व्यवहार्यता के आकलन के लिए एनएचपीसी को तकनीकी भागीदार के रूप में नामित किया है।
इसके अलावा कारीगर वर्ग की मदद के लिए पीएम द्वारा शुरू की गई योजना के सुचारू कार्यान्वयन के संबंध में मुख्य सचिव ने संबंधित डीसी को अपने क्षेत्रों में योजना को संतृप्त करने के लिए प्रेरित किया। सभी पंचायतों और शहरी स्थानीय निकायों (यूएलबी) को कलाकारों के पंजीकरण के लिए बोर्डिंग करने का निर्देश दिया। इसके लिए गांवों और कस्बों में शिविर आयोजित किए जाएं। आयुक्त सचिव, उद्योग और वाणिज्य विक्रमजीत सिंह और सचिव एसडीडी, कुमार राजीव रंजन ने बताया कि केंद्र शासित प्रदेश में लगभग 171093 आवेदन प्राप्त हुए थे, जिससे जम्मू-कश्मीर देश में 13वें स्थान पर है। 18 पंजीकृत ट्रेडों में से टेलरिंग को अधिकांश 95093 आवेदन प्राप्त हुए हैं, इसके बाद बढ़ईगीरी (27,608), चिनाई (25,5632) और नाई (5,295) आवेदन प्राप्त हुए। प्रशिक्षित कारीगरों को 15000 रुपये तक की टूलकिट प्रदान की जाएगी और वे दो किश्तों में 3 लाख रुपये का ऋण प्राप्त कर सकते हैं।