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Jammu News: सेल्फ मेडिकेशन, स्टेरायड से बढ़ रहा फंगल इंफेक्शन

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-त्वचा विभागों की ओपीडी में 25 प्रतिशत तक ऐसे मामले पहुंच रहे, 10-12 साल के बच्चों में भी इंफेक्शन का चलन बढ़ा
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- दो हफ्ते में होने वाले इलाज को अब छह माह या उससे अधिक समय लग रहा
अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। लोगों में सेल्फ मेडिकेशन (बिना डाॅक्टर परामर्श स्टेरायड दवाओं का सेवन) से जम्मू-कश्मीर में फंगल इंफेक्शन का दायरा बढ़ रहा है। हर साल इसके पीड़ितों में इजाफा हो रहा है।
देश के उमस वाले राज्यों में अमूमन होने वाली यह इंफेक्शन अब लगभग हर घर में पहुंच रही है। इससे बच्चों से लेकर बड़े तक प्रभावित हैं। हालत यह है कि अस्पतालों के त्वचा विभागों की ओपीडी में एक तिहाई तक ऐसे मामले पहुंच रहे हैं। इस इंफेक्शन के उपचार के लिए दो हफ्ते तक लगने वाला समय अब छह माह या उससे अधिक लग रहा है।
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शहर के प्रमुख एसएमजीएस अस्पताल के त्वचा विभाग में 350 की ओपीडी में 25 प्रतिशत तक फंगल इंफेक्शन के मामले पहुंच रहे हैं। विभाग के एचओडी डाॅ. देवराज डोगरा बताते हैं कि फंगल इंफेक्शन के ट्रेंड में हर साल बदलाव आ रहा है। पहले 10 से 12 साल के बच्चों में यह इंफेक्शन कम होती थी, लेकिन अब उनमें बढ़ी है। इसका प्रमुख तौर पर मुख्य कारण सेल्फ मेडिकेशन देखा गया है।
अस्पताल में पहुंचने वाले 90 प्रतिशत पीड़ित खुद से इलाज के बाद ही पहुंचते हैं। इसमें लगभग स्टेरायड दवाओं का प्रयोग कर लिया होता है, जिससे बाद में फंगल इंफेक्शन के लिए सामान्य एंटीबायोटिक दवाएं अधिक प्रभाव नहीं करती हैं। इसके साथ समाज में तेजी से बढ़ रहे मधुमेह, मोटापा, जलवायु परिवर्तन भी फंगल इंफेक्शन का कारण हो सकते हैं।
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नए शोधों में पता चला है कि देशभर में फंगल बैक्टीरिया और अधिक सक्रिय और मजबूत हुआ है। अस्पताल में जम्मू के अलावा राजोरी, पुंछ, उधमपुर, डोडा, रामबन, कठुआ आदि जिलों से भी पीड़ित पहुंच रहे हैं।

लक्षण
-शरीर के निचले हिस्सों में खारिश के साथ रिंग (सर्कल) आकार के जख्म बनना
-जख्म दाने के रूप में विकसित होकर इंफेक्शन बढ़ना
- बच्चों के चेहरे पर फंगस संक्रमण बढ़ना
-नियमित रूप से नींद नहीं आना, बेचैनी होना
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बचाव के उपाय
-संतुलित आहार लें, मधुमेह, मोटापे को नियंत्रण में रखें
-पीड़ित अपने कपड़े परिवार के अन्य सदस्यों से अलग रखें
-डाॅक्टर के परामर्श से ही किसी स्टेरायड दवाई का सेवन करें और कोर्स बीच में न छोड़ें
-इंफेक्शन को खत्म करने के लिए गर्म पानी से कपड़े धोएं
-अपने शरीर की सफाई का विशेष ध्यान रखें
-फैशन के चक्कर में खासतौर पर उमस भरे माहौल में तंग कपड़े न पहनें
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