सेना प्रमुख एमएम नरवणे ने मंगलवार को घाटी का दौरा कर मौजूदा सुरक्षा हालात की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने एलओसी की सुरक्षा तथा घुसपैठ को रोकने के लिए किए गए उपायों की जानकारी हासिल की।
घाटी में आतंकवाद के मोर्चे पर सेना की ओर से उठाए गए कदमों के बारे में जाना। सेना प्रमुख ने सैन्य कमांडरों के साथ बैठक कर स्पष्ट हिदायत दी कि एलओसी पर दुश्मन की किसी भी नापाक हरकत का दोगुने ताकत से जवाब दिया जाए। घुसपैठ के सभी रास्तों पर खास सतर्कता बरती जाए।
सैन्य सूत्रों ने बताया कि सेना प्रमुख ने घाटी में पहुंचने के बाद सैन्य कमांडरों के साथ उच्च स्तरीय बैठक की। इसमें उन्हें आतंकवाद के मोर्चे पर की गई तैयारियों, पिछले दिनों के सफल आपरेशन तथा आतंकियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियानों की जानकारी दी गई है।
इसके साथ ही पूरी एलओसी पर घुसपैठ रोकने के लिए उठाए गए कदमों के बारे में बताया गया। यह भी जानकारी दी गई कि पाकिस्तान की ओर से सर्दियों में भी सीजफायर उल्लंघन की आड़ में घुसपैठ की कोशिशें की गई हैं, जिसे नाकाम बनाया गया है।
सेना की ओर से आपरेशन सद्भावना के तहत किए गए कामों की रूपरेखा भी रखी गई। नरवणे ने नागरिकों के साथ बेहतर संबंध बनाए रखने पर भी जोर दिया। सेना प्रमुख का यह दौरा 15 कोर के जीओसी बदलने से कुछ दिन पहले हुआ है।
लेफ्टिनेंट जनरल बीएस राजू जीओसी का पदभार संभालेंगे। राजू दक्षिणी कश्मीर में आतंकवाद निरोधक अभियानों को सफल बनाने वाले विक्टर फोर्स के जीओसी की जिम्मेदारी संभाल चुके हैं।