जम्मू -कश्मीर में पिछले दो दिनों से हो रही बारिश-बर्फबारी के कारण स्थगित अमरनाथ यात्रा तीसरे दिन रविवार को पहलगाम व बालटाल दोनों रुट से बहाल कर दी गई। मौसम में सुधार के बाद प्रशासन ने यह फैसला किया। दो दिन बाद यात्रा शुरू होने से दोनों ट्रैक पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली। दोनों रूट से हेलिकॉप्टर सुविधा भी बहाल कर दी गई है।
हालांकि, जम्मू-श्रीनगर हाईवे बंद होने की वजह से जम्मू आधार शिविर से अमरनाथ यात्रियों के जत्थे को रवाना नहीं किया गया। हाईवे सोमवार को भी यातायात के लिए बंद रहेगा। हालांकि भारी वाहनों को मुगल रोड के जरिए कश्मीर का सफर तय करने की सलाह प्रशासन ने दी है। भूस्खलन से डोडा में दो लोगों की मौत हो गई, जबकि कठुआ में एक आदमी नाले में बह गया।
जम्मू-कश्मीर में दो दिन से हो रही बारिश रविवार दोपहर को भले थम गई है लेकिन अभी जनजीवन पटरी पर नहीं लौटा है। बारिश से जम्मू को कश्मीर से जोड़ने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग-44 का शनिवार को पंथियाल के पास एक हिस्सा बह गया था। इसे दूसरे दिन भी ठीक नहीं किया जा सका है।
इससे श्रीनगर जाने वाले साढ़े चार हजार से ज्यादा वाहन रास्तों में फंसे हैं। इनमें ज्यादातर श्रीनगर के लिए माल ले जाने वाले ट्रक हैं। कठुआ से लेकर जम्मू तक हाईवे के किनारे इनकी कई किलोमीटर तक लाइन लगी है।
जम्मू संभाग में विभिन्न स्थानों पर रोके गए 15 हजार यात्री
जम्मू के भगवती नगर आधार शिविर के साथ ही विभिन्न स्थानों पर जम्मू संभाग में लगभग 15 हजार यात्री ठहराए गए हैं। नए जत्थे के रूप में आने वाले श्रद्धालुओं को कठुआ, सांबा, उधमपुर तथा अलग-अलग जगहों पर रोका जा रहा है।
जम्मू और लद्दाख में रेड अलर्ट
मौसम विभाग ने नदी-नालों के जलस्तर में वृद्धि के साथ,जम्मू संभाग और लद्दाख के कुछ हिस्सों के लिए सोमवार के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। साथ हीजम्मू क्षेत्र के दर्जनों निचले जलग्रहण वाले क्षेत्रों के निवासियों को एहतियात के तौर पर सुरक्षा के लिए हटा दिया गया। है।