संवाद न्यूज एजेंसी
जम्मू। बाबा बर्फानी के दर्शन करने आने वाले श्रद्धालुओं की जम्मू में टोकन मिलने के 6-7 दिन बाद जत्थे में जाने की बारी आ रही है। जम्मू में घूमने वाले स्थानों का पता नहीं होने से श्रद्धालु आधार शिविरों में पड़े-पड़े ऊब रहे हैं। इसके लिए प्रशासन ने पहल करते हुए सस्ते किराये में बसों का प्रबंध किया है। इन बसों के जरिए श्रद्धालु जम्मू और इसके निकटवर्ती स्थानों पर घूम पाएंगे।
इसके बाद वह अमरनाथ यात्रा मार्ग के लिए रुख कर सकते हैं। सरस्वती धाम में टोकन लेकर बाहर आने वाले श्रद्धालुओं के लिए पर्यटन विभाग ने काउंटर लगाया है। यहां से वह जम्मू में घूमने वाली जगह, ट्रैकिंग करने वाली जगह और मंदिरों के बारे में जानकारी ले सकते हैं। जिला प्रशासन ने जम्मू-कश्मीर परिवहन के साथ मिलकर रूट और पैसे भी निर्धारित किए हैं। इतना ही नहीं, पर्यटन विभाग लोगों को जागरूक करने के लिए पर्चे भी बांट रहा है। श्रद्धालुओं को घुमाने वाली सभी बसें भगवती नगर के आधार शिविर से ही चलेंगी।
वातानुकूलित बस की भी मिलेगी सुविधा
जम्मू और उसके निकटवर्ती पर्यटन स्थलों पर घूमने के लिए दो प्रकार की बसों का बंदोबस्त किया गया है। श्रद्धालु अपनी इच्छा और जेब के अनुसार वातानुकूलित और सामान्य बस का चुनाव कर सकता है। दोनों के किराये में भिन्नता है। भगवती नगर से सुचेतगढ़ सीमा के लिए वातानुकूलित (एसी) बस का किराया 450 रुपये प्रति व्यक्ति और सामान्य बस के 187 रुपये तय किया है। यह बस दोपहर 2 बजे से भगवती नगर आधार शिविर से चलेगी। भगवती नगर से झिडी वाया अखनूर रूट के लिए वातानुकूलित बस का किराया 450 रुपये प्रति व्यक्ति और सामान्य का 187 रुपए है। यह बस भी दोपहर 2 बजे चलेगी। भगवती नगर से परमंडल वाया उतर बेनी रूट पर जाने वालों के लिए वातानुकूलित बस का किराया 450 रुपये प्रति व्यक्ति और सामान्य का 187 रुपए है। यह बस सुबह 11 बजे चलेगी। भगवती नगर से मानसार वाया सुनीसर, मनवाल मंदिर रूट पर वातानुकूलित बस का किराया 450 रुपये प्रति व्यक्ति और सामान्य का 228 रुपए है। यह बस भी सुबह 11 बजे चलेगी। भगवती नगर से बाहु फोर्ट, तिरुपति बाला जी मंदिर, जम्मू पूरा घूमने के लिए वातानुकूलित बस का किराया 450 प्रति व्यक्ति और सामान्य का 187 रुपए है। बस सुबह 11 बजे चलेगी।
सरस्वती धाम में पानी और शौचालय की व्यवस्था करवा दी है। सबसे ज्यादा समस्या लाइनों की आ रही थी, जिसे खत्म कर दिया है। सोमवार को कोई भी श्रद्धालु लाइन में नहीं लगा। मौके पर ही टोकन दिए जा रहे हैं।
-मनु हंसा, नोडल अफसर
यह बस सेवा हमने इसलिए शुरु की है ताकि श्रद्धालु सोकर समय बिताने की जगह कम पैसों में जम्मू के नजदीकी पर्यटन स्थलों का भ्रमण कर पाएं। इससे जम्मू के पर्यटन उद्योग और यहां के स्थानीय कारोबारियों को फायदा होगा।
-डीसी अवनी लवासा