एप्पल क्लस्टर और एक जिला, एक उत्पाद के तहत सरकार की पहल मिली गति
अमृतपाल सिंह बाली
श्रीनगर। केंद्र सरकार की ओर से बुनियादी ढांचे के उन्नयन के कारण शोपियां जिले में सेब उत्पादन में 20 फीसदी की वृद्धि हुई है। आर्थिक सर्वेक्षण 2023-24 के अनुसार, जिले में सेब उत्पादन पिछले साल से बढ़ा है। सरकार की ओर से क्लस्टर विकास कार्यक्रम के तहत इस जिले के लिए एप्पल क्लस्टर को मंजूरी देने के एक साल के भीतर उत्पादन में वृद्धि हुई है।शोपियां एप्पल क्लस्टर ने इसे विश्व स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए प्री-प्रोडक्शन, पोस्ट-हार्वेस्ट मैनेजमेंट, मूल्य संवर्धन मार्केटिंग और ब्रांडिंग सहित तीन वर्टिकल पर शोपियां सेब के विकास की परिकल्पना की है। इस परियोजना पर 135.23 करोड़ रुपये की लागत आने का अनुमान है। उत्पादकों ने सफलता का श्रेय एप्पल क्लस्टर और एक जिला, एक उत्पाद (ओडीओपी) के तहत सरकार की पहल को दिया।
फल मंडी शोपियां के अध्यक्ष मोहम्मद अमीन पीर ने कहा, जिले को सेब क्लस्टर का दर्जा देना उत्पादकों के लिए उनके उत्पादन को बढ़ाने में फायदेमंद साबित हुआ। मौजूदा बागों के अलावा जिले में नए सेब के बगीचे लगाए गए हैं। बागवानी विभाग के उचित मार्गदर्शन से आधुनिक तर्ज पर खेती की जा रही है। बागवानों ने कहा कि आने वाले वर्षों में उत्पादन में और सुधार होगा। अमीन ने कहा, हम शोपियां सेब के उत्पादन में एक बड़ा बदलाव देखने जा रहे हैं। सेब की गुणवत्ता भी बेहतर होने वाली है, क्योंकि नए सेब के बगीचे अलग और विदेशी किस्मों के हैं। जिले को निर्यात का केंद्र बनाने के लिए जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने पिछले साल शोपियां के सेब को निर्यात की विशाल क्षमता के लिए एक जिला, एक उत्पाद योजना के तहत 20 जिलों से चुने गए 75 उत्पादों में शामिल किया था। सरकार ने बागवानों को उपज की बेहतर कीमत दिलाने के लिए सिंचाई और कोल्ड स्टोरेज सहित विभिन्न सुविधाएं प्रदान कीं।