घाटी के छत्ताबल इलाके में युवक की संदिग्ध मौत और लेथपोरा में फायरिंग की घटना से तेज हुई हिंसक झड़पों में मंगलवार दो दर्जन से अधिक लोग घायल हो गए।
हिंसा के 26वें दिन दमहाल हांजीपोरा में मौतों के खिलाफ सड़क पर निकले जुलूस से सुरक्षा बलों पर फायरिंग की गई। जवाबी कार्रवाई में फायरिंग से चार लोग गोली लगने से घायल हो गए। लाठीचार्ज, पथराव और आंसू गैस के गोले दागने से दो दर्जन और घायल हो गए। इलाके में सख्ती से कर्फ्यू लगा दिया गया।
छत्ताबल में प्रदर्शनकारियों ने पुलिस कंट्रोल रूम के बाहर तड़के तीन बजे युवक का शव रखा और जोरदार प्रदर्शन किया। पुलवामा जिले के लेथपोरा इलाके में हालात बिगड़ते देख घाटी के कई इलाकों में कर्फ्यू की पाबंदियां बढ़ा दी गईं।
घाटी में सुरक्षा के कड़े इंतजाम
श्रीनगर में गश्त करते जवान
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दोनों घटनाओं की खबर फैलने के बाद श्रीनगर के पुराने शहर सहित बटमालू, शहीदगंज, सौरा, जादीबल, कमरवाड़ी और बेमिना थाना क्षेत्रों में कर्फ्यू लगा दिया गया। बारामुला जिले के खानपोरा, अवंतिपोरा और पुलवामा जिले के पांपोर, दक्षिण कश्मीर के अनंतनाग जिले में भी सख्ती से कर्फ्यू लगा दिया गया।
छत्ताबल में युवक की मौत को दुर्घटना के बजाय हत्या करार देते हुए प्रदर्शनकारी हाइवे पर उतर आए। यातायात को दोनों तरफ से ठप कर प्रदर्शनकारियों ने युवक की मौत के लिए सुरक्षा बलों को जिम्मेदार ठहराया।
पुलिस के एक अधिकारी ने बताया छत्ताबल के युवक रियाज अहमद का शव संदिग्ध परिस्थितियों में बरामद हुआ था। श्री महाराजा हरि सिंह अस्पताल में एक्स्रे जांच के दौरान युवक के पेट में पेलेट गन के छर्रे पाए गए हैं। इससे साफ है कि मौत सामान्य दुर्घटना से नहीं हुई है। इसकी छानबीन की जा रही है। इस बीच तनावपूर्ण हालात को देखते हुए हर तरह के एहतियाती इंतजाम किए गए हैं।