पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने बिजबिहाड़ा में शुक्रवार को अपने पिता और पार्टी के संस्थापक मुफ्ती मोहम्मद सईद की छठी पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि दी। उन्हें प्रशासन से काफी तकरार के बाद मौके पर जाने की अनुमति मिली।
पीडीपी अध्यक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने शुक्रवार को बिजबिहाड़ा में शुक्रवार को अपने पिता और पार्टी के संस्थापक मुफ्ती मोहम्मद सईद की छठी पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि दी। इससे पहले उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन ने उन्हें और पार्टी कार्यकर्ताओं को कब्र पर नहीं जाने दिया। काफी तकरार के बाद उन्हें श्रद्धांजलि देने की अनुमति मिली।
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महबूबा ने ट्वीट कर अपने पिता को उनकी पुण्यतिथि पर याद करने वाले सभी लोगों को धन्यवाद देने दिया। मुफ्ती मोहम्मद सईद की मृत्यु वर्ष 7 जनवरी 2016 को हुई थी। महबूबा ने लिखा मुफ्ती साहब की छठी पुण्यतिथि पर मैं उन सभी को धन्यवाद देना चाहता हूं जिन्होंने उन्हें श्रद्धांजलि दी।
हम एक सम्मानजनक और सशक्त जम्मू-कश्मीर के उनके दृष्टिकोण पर विश्वास करते हैं और उसके लिए हमेशा प्रयासरत रहेंगे। उन्होंने कथित तौर पर पीडीपी कार्यकर्ताओं को पार्टी संस्थापक की कब्र पर न जाने देने के लिए स्थानीय प्रशासन पर निशाना साधा।
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महबूबा ने अपनी टाइम लाइन पर वीडियो पोस्ट किया है जिसमें वह एक पुलिस अधिकारी के साथ बहस करती नजर आ रही हैं। उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर पुलिस मेरी पार्टी के उन कार्यकर्ताओं को ढूंढ रही है जिन्होंने शुक्रवार को उनके पिता की कब्र पर फातिहा चढ़ाने की हिम्मत की। किसी के नेता को सम्मान और श्रद्धांजलि देने के एक साधारण काम को भी रोकना प्रदेश प्रशासन की गहरी असहिष्णुता को दर्शाता है।
केंद्र सरकार एक महिला से डरी
बिजबिहाड़ा में मीडिया से बात करते हुए महबूबा ने केंद्र पर बरसते हुए कहा कि इतनी बड़ी सरकार एक महिला और जमात से डरी हुई है। मुझे अपने पिता की कब्र पर आसानी से नहीं जाने दिया गया।
सज्जाद लोन ने भी याद किया
सईद को उनकी पुण्यतिथि पर याद करते हुए पीपुल्स कांफ्रेंस के अध्यक्ष सज्जाद गनी लोन ने कहा कि वह भाग्यशाली हैं कि उन्हें उनके अधीन काम करने का मौका मिला। उनके असामयिक निधन ने जम्मू-कश्मीर की राजनीति में एक बहुत बड़ा शून्य छोड़ दिया है।