श्रीनगर। उप राज्यपाल मनोज सिन्हा ने गांदरबल जिले में जलशक्ति विभाग के परियोजनाओं में अनावश्यक विलंब का कड़ा संज्ञान लेते हुए विभाग के अधिशासी अभियंता व तकनीकी अधिकारी को संबद्ध कर दिया है। साथ ही सभी विभागों को हिदायत दी कि योजनाओं को तय समय पर पूरी गुणवत्ता के साथ पूरा किया जाना सुनिश्चित किया जाए।
गांदरबल जिले के दौरे में उन्होंने विभिन्न विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए कहा कि सामाजिक सुरक्षा तथा कल्याणकारी योजनाओं का शत प्रतिशत लाभ आम लोगों को मिलना चाहिए ताकि उनके सामाजिक-आर्थिक जीवनस्तर में सुधार हो सके। समय से योजनाओं को पूरा करना सतत विकास की कुंजी है। इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उप राज्यपाल ने बिजली, जलजीवन मिशन, पीडब्ल्यूडी, मनरेगा समेत तमाम विभागों के कार्यों की समीक्षा करते हुए कहा कि सभी विकास कार्यों का शत-प्रतिशत भौतिक सत्यापन जरूरी है। इससे पहले डीसी कृतिका ज्योत्सना ने विभिन्न विकास कार्यों की प्रगति का ब्योरा रखा।
रोजगार के लिए मदद को पांच युवा करें चिह्नित
उप राज्यपाल ने जिला प्रशासन को प्रत्येक पंचायत से कम से कम पांच युवाओं को चिह्नित करने को कहा जिन्हें अपना रोजगार शुरू करने के लिए मदद की जरूरत है। उन्होंने ऐसे लोगों का तकनीकी ज्ञान, दक्षता बढ़ाने तथा उन्हें वित्तीय मदद मुहैया कराने को कहा। फंड की कोई कमी नहीं है और सरकार युवाओं के सपने को सच करने के लिए सभी प्रकार के सहयोग करने को प्रतिबद्ध है।
जनप्रतिनिधि इलाके के विकास कार्यों पर रखें पैनी निगाह
उप राज्यपाल ने दौरे के दौरान डीडीसी चेयरमैन, सदस्यों, पंचायती राज संस्थाओं व स्थानीय निकायों के जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक कर उनके सुझाव लिए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार पंचायती राज संस्थानों की मजबूती के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने सभी जनप्रतिनिधियों से अपने इलाके में होने वाले विकास कार्यों पर पैनी निगाह रखने की अपील की। इस दौरान मुख्य सचिव डा. अरुण कुमार मेहता, प्रमुख सचिव उप राज्यपाल नीतीश्वर कुमार समेत अन्य अधिकारी थे।