किश्तवाड़। आरएसएस नेता चंद्रकांत शर्मा की हत्या के तीसरे दिन वीरवार को भी शहर में तनाव भरी शांति के बीच कर्फ्यू जारी रहा। इस दौरान किसी को भी घर से बाहर निकलने की इजाजत नहीं दी गई। दुकानें बंद रहीं, सड़कों पर सन्नाटा पसरा रहा। इस बीच आतंकियों की तलाश में जुटी सुरक्षा एजेंसियों के हाथ पूरी तरह खाली हैं, उन्हें कोई सुराग हाथ नहीं लगा है। सुरक्षा बल सुबह से ही जिला अस्पताल के आसपास के इलाके में छापामारी कर रहे हैं। पुलिस ने कई ओजीडब्ल्यू को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है।
किश्तवाड़ शहर में वीरवार को सुबह से ही लाउडस्पीकर के जरिये लोगों को घर से बाहर नहीं निकलने की अपील की जा रही थी। जगह-जगह कटीले तार लगाकर सुरक्षाबल स्थिति पर नजर रखे हुए हैं। सेना लगातार इलाके में मार्च कर रही है।
चौथा तक नहीं होगा धरना-प्रदर्शन
दूसरी ओर सनातन धर्म सभा और अन्य हिंदू संगठनों ने आरएसएस नेता चंद्रकांत शर्मा की निर्मम हत्या की निंदा करते हुए शर्मा के परिवार के प्रति सहानुभूति जताई। साथ ही तय किया गया कि चंद्रकांत शर्मा के चौथे तक किसी भी तरह का धरना-प्रदर्शन नहीं किया जाएगा। सनातन धर्म सभा के प्रधान हंसराज भूतियाल की अध्यक्षता में हुई बैठक में सुरक्षा व्यवस्था पर भी चिंता जताई गई। इस दौरान किश्तवाड़ में सोची समझी साजिश के तहत हो रहे आतंकी हमले पर सुरक्षा व्यवस्था में बदलाव पर भी जोर दिया गया। बैठक मेें उपायुक्त और एसएसपी के स्थानांतरण की मांग की गई।
कोट-
हमने कुछ ओजीडब्ल्यू को पकड़ा है। उनसे पूछताछ की जा रही है। हमले में शामिल आतंकवादियों का पता लगाने के लिए अभियान चलाया जा रहा है। अब तक आतंकियों की पहचान नहीं हो पाई है। पुुलिस शिनाख्त की कोशिश में लगी हुई है।
-एम के सिन्हा आईजी, जम्मू।