सोशल मीडिया पर फटाफट आने वाली खबरें अक्सर सनसनी की चासनी में लिपटी होती हैं। तथ्यों की जांच के बिना ही किसी मामले को पेश कर दिया जाता है, जिससे कई लोग बेवजह परेशान होते हैं। रसाना कांड के मामले में भी एक ऐसी घटना सामने आई, जिसका शिकार गांव फलापुर, हीरानगर का एक परिवार बना।
सोशल मीडिया पर एक व्यक्ति की फोटो रसाना कांड के तीन आरोपियों के साथ जोड़कर चला दी गई और मामला देखते ही देखते वायरल हो गया। परिवार को तो रिश्तेदारों ने फोन कर पूछा ही गांव के लोगों ने भी परिवार के साथ इस प्रकार बात की, जैसे वह भी इस मामले में शामिल हो। परिवार ने सोमवार को मीडिया कर्मियों से अपना दर्द साधा किया।
फलापुर की रहने वाली किस्मत कुमारी ने बताया कि उनके पति तिलकराज पुलिस विभाग में हेड कांस्टेबल हैं। रसाना कांड में भी एक आरोपी का नाम तिलकराज है और वह भी हेड कांस्टेबल है। ऐसे में केवल नाम एक होने के चलते फेसबुक पेज पर किसी ने किस्मत के पति को रसाना कांड के आरोपियों की फोटो के साथ उसके पति की फोटो जोड़कर पेश कर दिया। तबसे अब तक परिवार वाले इस बात से परेशानी झेल रहे हैं। रिश्तेदारों से तो सवाल आ ही रहे हैं गांव के लोग भी उन्हें इस मामले से जोड़कर देख रहे हैं। किस्मत ने बताया कि कई बार तो बात गांव वालों की ओर से गालीगलौच तक पहुंच गई। लोगों के सवालों के जवाब और इस प्रकार के ग्रामीणों के व्यवहार के कारण वह परेशान हैं। किस्मत की बहन और तिलक राज की साली ने बताया कि वह लुधियाना में रहती है और उन्हें भी फेसबुक के माध्यम से जब इस मामले में उनके जीजा का फोटो देखने को मिला तो उसने अपनी बहन को फोन किया और इस प्रकार के मामले में शामिल होने के लिए पहले काफी सुनाया, लेकिन बाद में उन्हें पता चला कि जिस पेज के माध्यम से पोस्ट डाली गई है उसने गलत फोटो लगा दिया और मामला इतना बढ़ गया। उन्होंने कहा कि वह केवल इतना चाहती है कि इस प्रकार सोशल मीडिया पर ऐसे मामलों के बारे न लिखा जाए और ऐसे करने वालों पर कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि वह इसकी शिकायत पुलिस से भी करेंगी।