सांसद डा. फारूक अब्दुल्ला
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जम्मू। नेशनल कांफ्रेंस के अध्यक्ष एवं सांसद डा. फारूक अब्दुल्ला ने भारत व पाकिस्तान की सरकार से अपील की हैँं कि वह जम्मू कश्मीर में खून खराब बंद करने की दिशा में हल निकाले। दोनों देशों की सरकारों की तरफ सीमा पर शांति लाने की तरफ कवायद करनी होगी।
जम्मू में रविवार को जन सेवा एक अवलोकन कार्यक्रम के दौरान पत्रकारों के सवालों के जवाब में अब्दुल्ला ने कहा कि सीमा पर गोलाबारी से दोनों तरफ नुकसान होता हैं। इधर भी लोग मरते हैं और सीमा के दूसरी तरफ भी।
उन्होंने कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अब फैसला लेना हैं कि वह हालात को दुरुस्त करने के लिए किस तरीके से आगे बढ़ना चाहते है। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री केवल गुजरात का नहीं होता। वह पूरे देश का होता हैं। हिंदू, मुस्लिम, सिख व ईसाई सभी लोग भारतवासी हैं।
इससे पूर्व कार्यक्रम में अब्दुल्ला ने कहा कि धर्म के आधार पर लोगों को विभाजित करने की राजनीति देश की एकता के लिए खतरनाक है। कुछ विभाजित करने वाली ताकते सत्ता में आ गई है।
उन्होंने गुरू नाभा दास जयंती पर अवकाश घोषित करने की मांग का समर्थन किया और कहा कि नेकां के संभागीय प्रधान एवं विधायक देवेंद्र सिंह राणा इस मामले को पहले ही पार्टी की तरफ से उठा चुके है। देवेंद्र सिंह राणा और त्रिलोचन सिंह वजीर ने भी इस अवसर पर अपने विचार प्रकट किए।