श्रीनगर में पहली बार 7-ए-साइड वुमेंस हॉकी टूर्नामेंट (नॉर्थ जोन) आयोजन किया जा रहा है। वीरवार को इसका आगाज हो गया। इस प्रतियोगिता का आयोजन कश्मीर हॉकी अकादमी (केएचए) कश्मीर यूनिवर्सिटी और जेएंडके स्पोर्ट्स काउंसिल के साथ मिलकर करवा रही है।
यह टूर्नामेंट कश्मीर के सीनियर हॉकी कोच सरदार परमजीत सिंह की याद में करवाया जा रहा है। पांच दिन तक चलने वाली इस प्रतियोगिता में कुल 14 टीमें भाग ले रही हैं, जिनमें सात टीमें दूसरे राज्य की हैं। इसमें भाग ले रहे खिलाड़ियों का कहना है कि यह एक अच्छा प्रयास है। इससे काफी कुछ सीखने को मिलेगा और कश्मीर को लेकर दूसरे राज्यों में अच्छा सकारात्मक संदेश जाएगा।
कश्मीर यूनिवर्सिटी ग्राउंड में में प्रतियोगिता का आगाज हुआ, जिसमें कश्मीर यूनिवर्सिटी के रजिस्ट्रार प्रो. निसार अहमद मीर मुख्य अतिथि थे। इसके अलावा खालसा कॉलेज अमृतसर के प्रिंसिपल डॉ. कवलजीत सिंह, गांदरबल के फिजिकल एजुकेशल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. हरतेज सिंह के अलावा अन्य कई हस्तियां मौजूद थीं।
घाटी की लड़कियों के लिए अच्छा प्रयास
प्रतियोगिता में भाग ले रही खिलाड़ी हदिका ने बताया कि यह पहली बार रियासत के बाहर से टीमें यहां हॉकी खेलने पहुंची हैं। क्रिकेट और फुटबाल के लिए खिलाड़ी आते रहे हैं, लेकिन हॉकी में यहां लड़कियों के लिए पहला और अच्छा प्रयास है। बहुत कुछ सीखने को मिलेगा।
वहीं दिल्ली से आए खिलाड़ी राजू रनवा ने बताया कि पहली बार कश्मीर में एंट्री मिली है। काफी अच्छा लग रहा है। यहां आकर अलग ही माहौल देखने को मिल रहा है। अगर नेगेटिविटी को एक तरफ रखें तो जिस तरह से खेल का माहौल बन रहा है, यह काफी अच्छा लग रहा है। राजू ने कहा कि हो सकता है हमारे साथ खेलकर यहां की लड़कियां बहुत आगे निकल जाएं। खेल ही एक मात्र ऐसी चीज है कि जो खुद की मेहनत से कोई स्टार बना सकता है।
चार साल ट्रेनिंग के बाद इस टूर्नामेंट में होगा आकलन
प्रतियोगिता के आयोजक हरविंदर सिंह ने कहा कि चार साल से लड़कियों को कश्मीर हॉकी अकादमी में ट्रेन दिया जा रहा था। अब इस टूर्नामेंट में देखा जाएगा लड़कियाें कितना सीखा है। उसका आंकलन इस प्रतियोगिता में किया जाएगा। इस प्रतियोगिता से कश्मीर की बच्चियों को एक्सपोजर मिलेगा। बाहर के खिलाड़ियों के साथ खेलकर कुछ सीखेंगी। सिंह ने बताया कि इस प्रतियोगिता में सात टीमें राज्य से बाहर दिल्ली, लुधियाना, अमृतसर और छतीसगढ़ से भी हैं।