जम्मू। भीख मांगने को अपराध की श्रेणी से बाहर रखने की याचिका पर हाईकोर्ट ने फिर से जरूरी आदेश दिए हैं। हाईकोर्ट को बताया गया कि तीन दिन के भीतर प्रतिवादी पक्ष नंबर 5 की ओर से जवाब दिया जाएगा। इसके अलावा 1 से 4 नंबर तक प्रतिवादी भी सकारात्मक रूप से अपना पक्ष रखेंगे। सुदेश लंगेह की ओर से जम्मू कश्मीर बैगर एक्ट 1960, जम्मू कश्मीर प्रिवेंशनल आफ बैगर रूल 1964 को हटाने की मांग की गई थी। इसे भारतीय संविधान के आर्टिकल 14, 19, 20, 21 और 22 के तहत अधिकारों का उल्लंघन बताया गया था। मंगलवार को चीफ जस्टिस गीता मित्तल और जस्टिस सिंधु शर्मा वाली खंडपीठ ने मामले से जुड़ी याचिका पर सुनवाई की। जेएनएफ