पीएचई विभाग के मुलाजिमों ने सरकार और विभागीय अधिकारियों पर मांगों की उपेक्षा का आरोप लगाते हुए 23 फरवरी को चीफ इंजीनियर कार्यालय के बाहर प्रदर्शन करने का फैसला लिया है।
पीएचई वर्कर्स वेलफेयर एसोसिएशन के महासचिव सुभाष वर्मा का कहना हैं कि पीएचई कर्मचारियों खासतौर से दैनिक वेतनभोगी, नीड बेस और कैजुअल कर्मियों की लगातार अनदेखी हो रही है।
अस्थायी कर्मचारियों के हक में लंबित वेतन जारी न होने और नियमित करने के लिए नीति निर्धारित न होने के विरोध में अब आंदोलन के अलावा ओर कोई विकल्प नहीं रह गया है। उन्होंने राज्यपाल से आग्रह किया है कि वह पीएचई कर्मचारियों की मांगों, जिसमें वर्ष 1994 के बाद लगे अस्थायी कर्मचारियों को नियमित करना, नियमित वेतन जारी करना शामिल हैं।