मौसम की मार झेल रहे किसानों ने मुआवजे के लिए आवाज मुखर कर दी है।
खरीफ सीजन में धान की फसल चौपट होने से किसान उबरे भी नहीं थे कि गेहूं, मटर आदि फसलें ओले गिरने से बर्बाद हो गई हैं।
हीरानगर सब डिवीजन के छन्न अरोड़ियां इलाके में एकत्रित किसानों ने जोरदार नारेबाजी करते हुए मुआवजे की मांग की। प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व करते हुए छन्न अरोड़ियां पंचायत के नायब सरपंच केआर रैणा ने कहा कि नई सरकार को किसानों की समस्या को प्राथमिकता से लेना होगा।
इस अवसर पर मौजूद बिशन दास, तुलसी दास, लखनपाल, गोविंद राम, रतन चंद, शशिपाल, चमन लाल, दिवान चंद, विजय और हेमराज ने कहा कि छन्न अरोड़ियां के अलावा आसपास के गांवों में ओले गिरने से व्यापक नुकसान हुआ है।
भगवाल, खतरेयाल, बल्लन बाला, किशनपुर, फत्तू चक, खिल्लो चक सहित कई गांवों में किसान फसल की बर्बादी को देखकर उदास हो चुके हैं।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि मानसून सीजन के दौरान अत्यधिक बारिश की वजह से खरीफ की बासमती की फसल बुरी तरह से चौपट हो गई थी। इससे हुए नुकसान का अभी तक मुआवजा नहीं दिया गया है। रबी के सीजन पर भी मौसम की मार पड़ी है जिससे नुकसान दोहरा हो गया है।