जम्मू। रेशमघर स्थित एम्स की तर्ज पर स्थापित सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में आपरेशन थियेटर की सेवाओं को दोबारा बहाल नहीं किया जा सका है। अस्पताल के सभी थियेटर ठप पड़े हुए हैं। इसके अलावा एसोसिएटेड अस्पतालों में शुरू इवनिंग क्लीनिक भी लगभग फ्लाप साबित हुए हैं। इन क्लीनिकों के न चलने का मुख्य कारण एक मरीज से तीन सौ रुपये फीस लेना रहा। चिकित्सा शिक्षा मंत्री ताज मोहिउद्दीन के अनुसार अर्थिंग में तकनीकी समस्या के कारण आपरेशन थियेटर की लाइन बंद हुई लेकिन नई तार डालकर उसे शीघ्र बहाल कर दिया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में कुछ हफ्ते पहले यूरोलाजी और सीटीवीएस यूनिट में रोजाना 10-15 आपरेशन हो रहे थे। इससे जीएमसी पहुंचने वाले मरीजों को राहत मिली थी लेकिन ओटी बंद होने से मरीजों को दोबारा जीएमसी का रुख करना पड़ रहा है। थियेटरों को बहाल करने की दिशा में अभी तक बिजली की तकनीकी खराबी को दुरुस्त नहीं बनाया जा सका है। निर्धारित से कई महीनों बाद शुरू हुए इस अस्पताल में कुछ माह पहले ओपीडी और इंडोर सुविधा के बाद ओटी की सुविधा शुरू की गई थी। फैकल्टी की कमी से अभी तक न्यूरो के थियेटर शुरू ही नहीं किए जा सके हैं। अस्पताल में कई संसाधनों को पीपीपी मोड के अधीन करने के फैसले का भी विरोध जारी है। यही नहीं, मेडिकल टीचर एसोसिएशन भी इस पर अपना विरोध दर्ज करवा चुकी है। जीएमसी, सुपर स्पेशलिटी और एसएमजीएस में कुछ माह पहले जोरशोर से इवनिंग क्लीनिक को शुरू किया गया था लेकिन थोड़े समय में ही यह सुविधा बैठ गई। एम्स की तर्ज पर सुपर स्पेशलिटी से अभी तक संभाग के लोगों को आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध नहीं हो सकी हैं।