त्रिकुटा पर्वत व कसवा कोहरे की चादर में लिपटा हुआ व यात्री आलाव का सहारा लेते हुए
- फोटो : KATRA
कटड़ा। धर्मनगरी सहित त्रिकुटा पर्वत पर वीरवार को दिन भर बादल व कोहरा छाया रहा, जिससे ठंड में काफी बढ़ोतरी हुई। वहीं, दर्शनों के लिए आए यात्री निसंकोच भवन की ओर बढ़ते देखे गए।
इस भारी ठंड के बाद कस्बे सहित भवन पर तापमान में काफी गिरावट दर्ज की गई। लोगों को दिन के समय भी गर्म कपड़े पहने देखा गया। और शाम तक लगभग नौ हजार भक्त जयकारे लगाते हुए दर्शनों के लिए भवन की ओर रवाना हुए। इस ठंड में स्थानीय लोगों सहित भक्तों को अलाव का सहारा लेते देखा गया। साथ ही हेलिकॉप्टर व बैटरी कार सेवा दिन भर जारी रही।
त्रिकुटा पर्वत सहित पूरा कस्बा दिन भर कोहरे की चादर में लिपटा रहा, और ठंडी हवाएं चलती रहीं। भवन से मिली जानकारी के अनुसार ठंड में काफी बढ़ोतरी हुई है, जिसके कारण तापमान में काफी गिरावट आई है। यात्रियों को गर्म कपड़े पहने के बाद भी कंबल स्टोर से खरीदारी करते देखा गया। वहीं, इस बढ़ती ठंड में भी भक्त भवन की ओर पूरे उत्साह के साथ प्रस्थान करते देखे गये। साथ ही स्थानीय लोगों और भक्तों ने अलाव का सहारा लिया।
पंजीकरण कक्ष से मिली जानकारी के अनुसार बुधवार को 14 हजार के करीब भक्तों ने अपना पंजीकरण करवाकर प्राकृतिक पिंडियों के दर्शन करने को रवाना हुए। वहीं, वीरवार को छह बजे तक नौ हजार के करीब भक्तों ने पंजीकरण कराया, और भवन की ओर प्रस्थान कर गए। इस प्रचंड ठंड व ठंडी हवाओं में भी हेलिकॉप्टर व बैटरी कार सहित रोपवे सेवा लगातार जारी रही, जिसका भक्तों ने भरपूर लाभ लिया।
त्रिकुटा पर्वत व कसवा कोहरे की चादर में लिपटा हुआ व दर्शनों को आए हुए यात्री आलाव का सहारा लेते हु?- फोटो : KATRA