किश्तवाड़। सेना की व्हाइट नाइट कोर के जीओसी लेफ्टिनेंट जनरल पीके मिश्रा ने सोमवार को किश्तवाड़ में जाकर आतंकरोधी ग्रिड और सुरक्षा तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने सैनिकों की ऑपरेशनल तैयारियों को परखा। इसके अलावा सभी रैंक के सैन्य अधिकारियों व जवानों से हर समय सतर्क और मिशन के लिए तैयार रहने के निर्देश दिए।
सैन्य कमांडर ने अहम बैठक सुरक्षा व्यवस्था को और पुख्ता करने के उद्देश्य से ली है। उनके साथ काउंटर-इंसर्जेंसी फोर्स (डेल्टा) के जीओसी मेजर जनरल एपीएस बल भी मौजूद थे।
जीओसी ने सैन्य अधिकारियों से कहा कि सीमावर्ती और संवेदनशील इलाकों में किसी भी चुनौती से निपटने के लिए सेना को निरंतर सतर्क रहना चाहिए। उन्होंने सुरक्षा ढांचे को और अधिक मजबूत करने के लिए विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल की आवश्यकता पर भी बल दिया ताकि क्षेत्र में शांति और सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
इस बैठक की पुष्टि व्हाइट नाइट काेर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी साझा कर की है। इसमें बताया गया कि सैन्य कमांडर के इस दौरे का मुख्य उद्देश्य तैनात इकाइयों की ऑपरेशनल तत्परता का आकलन करना और आतंकवाद विरोधी सुरक्षा ढांचे को और मजबूत बनाना था। लेफ्टिनेंट जनरल मिश्रा को वर्तमान सुरक्षा स्थिति और अंतर-एजेंसी समन्वय को बेहतर बनाने के लिए प्रयासों की विस्तृत जानकारी भी दी गई।