उधमपुर। दो दिन की बारिश के बाद जिला उधमपुर के शहर व ग्रामीण इलाको में जनजीवन बुरी तरह से अस्त व्यस्त हो गया है। शहर के साथ लगते सतैनी इलाके में पूरी तरह से पानी भर गया है। घरों के बाहर पानी के बहाव को देख कर ऐसा लग रहा है, जैसे सतैनी में बाढ़ आ गई है। इसी तरह से जखैनी, चैरी, कावा, बरियाल व अन्य कई इलाकों में जलनिकासी न होने पर पानी लोगों के घरों के अंदर पहुंच गया और अंदर रखा लाखों का सामान खराब हो गया है। सतैनी इलाके में लोगों का हाल जानने डीसी खुद पानी में उतर गई।
जिले में सोमवार से रुक-रक कर लगातार जारी बारिश हो रही है। इससे अब जनजीवन पर बहुत बुरा असर पड़ रहा है। सोमवार को सतैनी इलाके में जलनिकासी की व्यवसा नहीं होने पर पानी जमा होने लगा था और सोमवार देर रात को तेज बारिश होने के बाद तो सतैनी इलाके में बाढ़ जैसे हालात बन गए। लोगों के घरों के अंदर पानी पहुंचने के साथ बाहर कई फुट पानी भर गया, जिससे लोगों का बाहर निकलना मुश्किल हो गया। सूचना मिलने के बाद डीसी ने सतैनी पहुंच कर स्थिति का जायजा लिया। जलभराव के बीच सुरक्षाबलों के साथ पानी में उतर लोगों की समस्याएं सुनीं। लोगों ने बताया कि करीब 15 वर्ष सतैनी इलाके में बरसात के दिनों यह हालात बन रहे हैं। जब भी ज्यादा बारिश होती है तो रेलवे ट्रैक से पानी उनके घरों में पहुंच जाता है और फिर उनका घरों से बाहर निकलना मुश्किल हो जाता है। इस बार तो हालात बहुत ज्यादा खराब हो गए हैं।
कई फीट पानी उनके घरों के बाहर जमा होने के साथ सड़कों व गलियों में बहने लगा है। ग्रेफ ने भी धार रोड के किनारे पर नालों की सफाई नहीं की है और इसके कारण भी हर बार बाढ़ जैसे हालात बन रह हैं। डीसी ने लोगों की समस्याएं सुनने के बाद मौके पर ही ग्रेफ, बाढ़ नियंत्रण विभाग के साथ संपर्क कर दिशा निर्देश जारी किए। अधिकारियों को रेलवे के साथ संपर्क कर ट्रैक से निकलने वाले पानी की निकासी करने की व्यवस्था करने के आदेश दिए। पानी की निकासी के लिए प्रशासन ने मोटर की व्यवस्था की और शाम तक काम चल रहा था।
चैरी इलाके में भी जलनिकासी न होने पर बारिश का पानी लोगों के घरों के अंदर पहुंचा और अंदर रखा सामान खराब हो गया। जखैनी इलाके में भी निकासी न होने पर बारिश का पानी अंदर पहुंच गया। जखैनी में एक कच्चा मकान भी क्षतिग्रस्त हो या है। कल्लर इलाके में नाले के पानी की निकासी न होने पर धार रोड का बड़ा हिस्सा ही पानी में डूब गया और इसके कारण लोगों को बहुत ज्यादा परेशानियों का सामना करना पड़ा। कावा और बरियाल इलाके में भी बारिश के पानी की निकासी न होने पर सड़कों व गलियां पानी में डूबी नजर आई। बारिश से जनजीवन बुरी तरह से अस्तव्यस्त हो गया है। वहीं प्रशासन ने नुकसान का आंकलन करने के लिए राजस्व विभाग के अधिकारियों को दिशा निर्देश जारी कर दिए हैं। दोपहर करीब तीन बारिश बंद होने के बाद राहत मिली। कुछ समय के लिए धूप भी निकली।